ePaper

नवादा विधायक राजबल्लभ को हो सकती है सात साल से उम्रकैद तक की सजा !

Updated at : 16 Feb 2016 7:11 AM (IST)
विज्ञापन
नवादा विधायक राजबल्लभ को हो सकती है सात साल से उम्रकैद तक की सजा !

नवादा(सदर) : राष्ट्रीय जनता दल की ओर से निलंबन व पॉक्सो की धारा नवादा विधायक राजबल्लभ प्रसाद की मुश्किलें बढ़ा सकती है. वर्षों तक पार्टी के वफादार नेता के रूप में काम करनेवाले राजबल्लभ प्रसाद का लालू प्रसाद से सीधा संबंध रहा है. पार्टी के बुरे दिनों में भी राजबल्लभ ने हर संभव योगदान किया […]

विज्ञापन
नवादा(सदर) : राष्ट्रीय जनता दल की ओर से निलंबन व पॉक्सो की धारा नवादा विधायक राजबल्लभ प्रसाद की मुश्किलें बढ़ा सकती है. वर्षों तक पार्टी के वफादार नेता के रूप में काम करनेवाले राजबल्लभ प्रसाद का लालू प्रसाद से सीधा संबंध रहा है. पार्टी के बुरे दिनों में भी राजबल्लभ ने हर संभव योगदान किया है. ऐसे में राष्ट्रीय जनता दल की ओर से नाबालिग के दुष्कर्म के आरोप में निलंबन किये जाने की घटना राजबल्लभ प्रसाद के लिए नुकसानदेह साबित हो सकता है.
पार्टी से निलंबन के बाद इस आरोप से उबरने में नवादा विधायक को काफी समय लग सकता है. पॉक्सो की नयी अधिनियम, 2012 के तहत नाबालिग से रेप करने के मामले में आरोपी को उम्रकैद तक की सजा हो सकती है. इस मामले में नालंदा पुलिस ने विधायक राजबल्लभ प्रसाद पर कई अन्य संगीन धाराओं के साथ-साथ पॉक्सो की धारा भी एफआइआर में दर्ज की है. ऐसे में राजबल्लभ प्रसाद की गिरफ्तारी या सरेंडर के बाद कम से कम छह महीने तक जेल में रहना पड़ सकता है. विपरीत परिस्थिति में पार्टी द्वारा अपना दामन बचाने के उद्देश्य से निलंबन की कार्रवाई पार्टी गाइड लाइन पर सही है.
पर, पार्टी का साया हटने से राजबल्लभ प्रसाद मुश्किल में आ सकते हैं. राजबल्लभ प्रसाद पर दुष्कर्म का आरोप लगानेवाली छात्रा की उम्र भी 18 वर्ष से कम है. ऐसे में नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म के आरोपित राजबल्लभ प्रसाद भी पॉक्सो अधिनियम धाराओं में घिर गये हैं. न्यायालय में मुकदमें के बाद आरोप सिद्ध होने पर इस अधिनियम के तहत आरोपी को सात साल से लेकर आजीवन कारावास की सजा हो सकती है.
क्या है पॉक्सो
वर्ष 2012 में नयी दिल्ली में चलती बस में नाबालिग बच्ची के साथ सामूहिक दुष्कर्म जैसे घटना को अंजाम देने के बाद सरकार की ओर से धाराओं में संशोधन कर प्रोक्टेशन ऑफ चिल्ड्रेन फ्रॉम सेक्सुअल अफेंस अधिनियम 2012 को पारित किया. इस अधिनियम में 18 साल की उम्र से नीचे की लड़कियों को दुष्कर्म से बचाना है. 18 साल से कम उम्र के लड़कियों के साथ दुष्कर्म करनेवाले को कम से कम सात साल और अधिक से अधिक उम्रकैद की सजा का प्रावधान किया गया है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Tags

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन