बिहार में अराजकता की स्थिति

बिहारशरीफ (नालंदा) : भाजपा के वरीय नेता व बिहार सरकार के पूर्व मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि शहीदों की शहादत पर भी बिहार सरकार संवेदनहीन बनी रही. पटना एयर पोर्ट पर बिहार के चार शहीद जवानों का शव आने वक्त राज्य मंत्री मंडल का कोई भी सदस्य नहीं आये. बिहार सरकार के एक भी […]
बिहारशरीफ (नालंदा) : भाजपा के वरीय नेता व बिहार सरकार के पूर्व मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि शहीदों की शहादत पर भी बिहार सरकार संवेदनहीन बनी रही. पटना एयर पोर्ट पर बिहार के चार शहीद जवानों का शव आने वक्त राज्य मंत्री मंडल का कोई भी सदस्य नहीं आये.
बिहार सरकार के एक भी मंत्री का न होना सरकार की संवेदनहीनता को परिभाषित करता है.
गुरुवार को शहर के शिवपुरी मुहल्ले में आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में बोलते हुए उन्होंने कहा कि पाकिस्तानी सैनिकों द्वारा की गयी इस अमानवीय करतूत पर जहां पूरा देश आक्रोशित है, वहीं केंद्र सरकार पाकिस्तान को बचाने की कोशिश में लगी है.
वहीं, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के प्रति नरम भाषा का प्रयोग करते हैं. उन्होंने कहा कि अगर नरेंद्र मोदी देश के प्रधानमंत्री होते, तो यह हालात देश का नहीं होता. बिहार सरकार के मंत्री भीम सिंह पर सीधे प्रहार करते हुए उन्होंने कहा कि शहीद जवानों के प्रति यह कैसी श्रद्धांजलि है, जिसमें कहा जाता है कि जवान तो शहीद होने के लिए ही होते हैं.
पूर्व पशुपालन मंत्री ने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री अहंकार से भर गये हैं. आगामी लोकसभा के चुनाव में बिहार की 11 करोड़ जनता इनसे एक–एक पाई का हिसाब लेगी. उन्होंने कहा कि इन दिनों जो हालात बिहार में बने हैं, इसकी पूरी जवाबदेही बिहार सरकार की बनती है. एक प्रश्न का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि बिहार में ब्यूरो क्रैट्स हावी हो गया है, सरकार ने अधिकारियों को खुली छूट दे रखी है.
नालंदा में जिला प्रशासन का रवैया सही नहीं होने की बात उन्होंने कही. प्रेस वार्ता में नवीन केशरी,भाजपा जिलाध्यक्ष राम सागर सिंह, जिला महामंत्री रीना कुमारी, राजेश्वर सिंह, वालमुकुंद शर्मा, शैलेंद्र कुमार, अरुण सिंह, श्याम किशोर सिंह आदि उपस्थित थे.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




