थानाध्यक्षों को एसपी का निर्देश, आरटीआइ एक्टिविस्ट को उपलब्ध करायें सूचना
Published by : BIRENDRA KUMAR SING Updated At : 15 Feb 2026 6:44 PM
पुलिस अधीक्षक सैयद इमरान मसूद ने जिले के सभी थानाध्यक्षों को पत्र भेज कर आरटीआइ एक्टिविस्ट को वांछित सूचना उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है.
मुंगेर. पुलिस अधीक्षक सैयद इमरान मसूद ने जिले के सभी थानाध्यक्षों को पत्र भेज कर आरटीआइ एक्टिविस्ट को वांछित सूचना उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है. साथ ही आवेदक को मांगी गयी सूचना उपलब्ध कराते हुए उसकी एक प्रति एसपी कार्यालय में समर्पित करने का भी निर्देश दिया है. जो सूचना उपलब्ध कराना है, वह जिले में 11 वर्ष में विभिन्न बोर के कारतूस एवं मैगजीन बरामदगी से जुड़ी सूचना है. बताया जाता है कि पुलिस उप-महानिरीक्षक (मानवाधिकार) सह लोक सूचना पदाधिकारी, बिहार, पटना का पत्रांक 12/2026 -249 दिनांक नौ फरवरी 2026 के अनुपालन के आलोक में पुलिस अधीक्षक सैयद इमरान मसूद ने कार्यालय पत्रांक 89 सूचना कोषांग दिनांक 12 फरवरी 2026 से मुंगेर जिला के सभी थानाध्यक्ष को वांछित सूचना आवेदक को सीधे उपलब्ध करते हुए उसकी एक प्रति अधोहस्तक्षरी को शीघ्र उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है. जिसकी सूचना आवेदक ओम प्रकाश पोद्दार को दिया है. विदित हो कि कि आरटीआइ एक्टिविस्ट अधिवक्ता ओम प्रकाश पोद्दार ने बिहार के विभिन्न जिलों में पुलिस द्वारा कैलेंडर वर्ष 2015 से वर्ष 2025 तक में सभी जिलों में वर्षवार किस किस तरह (बोर) का कितने-कितने कारतूस तथा मैगजीन बरामद किया है. बरामद कारतूस एवं मैगजीन किस-किस अग्नेयास्त्र में उपयोग होता है की जानकारी सूचना का अधिकार के तहत 5 जनवरी 2026 को लोक सूचना पदाधिकारी कार्यालय पुलिस महानिदेशक, बिहार पटना से मांगा था. जिसके बाद पुलिस उप महानिरीक्षक (मानवाधिकार) बिहार, पटना ने सभी जिलों के पुलिस अधीक्षक को आरटीआइ एक्टिविस्ट ओम प्रकाश पोद्दार को वांछित सूचना उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है. आरटीआइ एक्टिविस्ट ने बताया कि आग्नेयास्त्र धारक को निर्धारित संख्या में कारतूस दिया जाता और उससे वापस खोखा मांगा जाता है, तो किस परिस्थिति में राज्य पुलिस हर वर्ष हजारों-हजारों की संख्या में विभिन्न बोर का कारतूस बरामद करते हैं. यह जांच का विषय है कि आखिर व्यापक पैमाने पर कारतूस अपराधकर्मी को कहां से मिल रहा है. बीते वर्ष बिहार में 30 हजार से ज्यादा कारतूस बरामद हुआ था.
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