Madhubani News : मधुबनी. मिथिला केसरी बाबू जानकी नंदन सिंह की 122वीं जयंती बुधवार को भाजपा नेता ज्योति झा के नेतृत्व में मनायी गयी. स्थानीय लक्ष्मीपुर चौक स्थित जानकी नंदन सिंह के आदमकद प्रतिमा पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने माल्यार्पण कर उनके व्यक्तित्व पर चर्चा की. मौके पर भाजपा नेता ज्योति झा ने कहा कि बाबू जानकी नंदन सिंह जीवनपर्यंत मिथिला क्षेत्र के विकास के लिए आवाज उठाते रहे. उनका जन्म इंद्रपुर ड्योढ़ी के एक संपन्न परिवार में 14 जनवरी 1904 को हुआ. जानकी नंदन सिंह हमेशा समाज के गरीब, नि:सहाय एवं दबे कुचले लोगों की उन्नति के लिए कार्य करते रहे. उन्होंने कहा कि तत्कालीन मधेपुर विधानसभा क्षेत्र से पहले विधायक निर्वाचित हुए थे. बिहार विधानसभा में मिथिलांचल की समस्याओं को जोर शोर से उठाने वाले बाबू जानकी नंदन सिंह के विचार आज भी अनुकरणीय है. मिथिला व मैथिली के विकास के लिए प्रारंभिक शिक्षा में मैथिली भाषा को शामिल करने के लिए उन्होंने बिहार विधानसभा में आवाज उठायी थी. श्री झा ने कहा कि जानकी बाबू भूदान आंदोलन में भी काफी सक्रिय रहे. जानकी नंदन सिंह ने बिनोवा भावे के कहने पर वर्ष 1954 में मिथिला के विभिन्न हिस्सों में जमींदारों से 1760 एकड़ जमीन दान दिलायी थी. बाबू जानकी नंदन सिंह तत्कालीन संयुक्त दरभंगा जिला के परिषद का अध्यक्ष बनने के बाद मधेपुर विधानसभा क्षेत्र के पहले विधायक बने थे और 1958 से 1964 तक बिहार विधान परिषद के सदस्य भी रहे. मिथिला केसरी बाबू जानकी नंदन सिंह को मरणोपरांत भारत रत्न की उपाधि देने की मांग ज्योति झा सहित उपस्थित लोगों ने की मौके पर समाजसेवी विजय कुमार झा, राजेश कुमार झा, बिंदेश्वर प्रसाद, श्रीराम मंडल, वरुण कुमार झा, संतोष साहु, पंकज कुमार, चाणक्य झा, राघव बाबा, श्रवण झा, संजय कुमार झा, विमल कुमार, पवन झा, नूनू झा, वकील सलाम सहित अन्य ने मिथिला केसरी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर नमन किया.
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