एआइवाइएफ व एआइएसएफ ने मांगों को ले किया उपवास

Published at :09 May 2016 5:05 AM (IST)
विज्ञापन
एआइवाइएफ व एआइएसएफ ने मांगों को ले किया उपवास

जिला मुख्यालय स्थित गांधी प्रतिमा के समक्ष उपवास कर कहा, केंद्र सरकार को सत्ता में रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं मधेपुरा : जिला मुख्यालय के जिला परिषद अध्यक्ष के आवासीय परिसर स्थित महात्मा गांधी की प्रतिमा के समक्ष रविवार को राज्य कमेटी के आह्वान पर एआइवाइएफ तथा एआइएसएफ के सदस्यों ने एक दिवसीय उपवास […]

विज्ञापन

जिला मुख्यालय स्थित गांधी प्रतिमा के समक्ष उपवास कर कहा, केंद्र सरकार को सत्ता में

रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं
मधेपुरा : जिला मुख्यालय के जिला परिषद अध्यक्ष के आवासीय परिसर स्थित महात्मा गांधी की प्रतिमा के समक्ष रविवार को राज्य कमेटी के आह्वान पर एआइवाइएफ तथा एआइएसएफ के सदस्यों ने एक दिवसीय उपवास किया. इस मौके पर एआईवाइएफ के राज्य संयुक्त सचिव शंभु क्रांति ने कहा कि इस देश के अंदर समतामूलक समाज कायम करने वाले संगठन को देश द्रोही कह के संगठन के कार्यकर्ता कन्हैया को फंसाया जा रहा है.
जबकि घोर सांप्रदायिक और देश द्रोही आरएसएस द्वारा लगातार लोगों के बीच भ्रम का जाल फैलाया जा रहा है. उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री को अगर देश द्रोह का मामला दाखिल करना था तो आरएसएस पर पहले करना चाहिए. एआइएसएफ के जिलाध्यक्ष वसीम उद्दीन ने कहा कि पूरे राज्य में छात्रों के अधिकार का हनन हो रहा है. बिहार में अविलंब छात्र संघ का चुनाव होना चाहिए. अधिवक्ता दिलीप कुमार ने कहा कि आरएसएस के गोद में खेलने वाले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को नैतिकता के आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए. कन्हैया एक निर्दोष छात्र है.
उसपर से राजद्रोह का मामला अविलंब समाप्त किया जाय. मौके पर सदर प्रखंड अध्यक्ष सौरभ कुमार, बुद्धदेव यादव, ललटू कुमार, मनोज कुमार, पिंटू यादव, कैशव हरि, राजेश कुमार ने कहा कि देश में नरेंद्र मोदी की सरकार इस वादे के साथ आयी थी कि बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा और सबके खाते में 15 लाख रुपये दिये जायेंगे. लेकिन यह पूरी तरह झूठा वादा साबित हुआ. इसके बाद सरकार को बने रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन