सदर अस्पताल में शॉर्ट सर्किट से लगी आग

Updated at : 30 May 2024 9:46 PM (IST)
विज्ञापन
सदर अस्पताल में शॉर्ट सर्किट से लगी आग

थोड़ी देर के लिए अफरा तफरी का बन गया माहौल

विज्ञापन

प्रतिनिधि, लखीसराय

सदर अस्पताल परिसर में गुरुवार की दोपहर बिजली घर में शॉर्ट सर्किट लगने से थोड़ी देर के लिए अफरा तफरी का माहौल बन गया. सदर अस्पताल में सुरक्षा में लगे गार्ड की तत्परता से लगी आग पर काबू पाया गया. इसकी सूचना पाते ही लखीसराय सिविल सर्जन विनोद कुमार सिन्हा, सदर अस्पताल प्रबंधक नंदकिशोर भारती बिजली घर पहुंचे व मामले की जांच पड़ताल की. सदर अस्पताल में कार्यरत कर्मियों ने बताया गया कि भीषण गर्मी रहने को लेकर अचानक शार्ट सर्किट से आग लग गयी. इससे थोड़ी देर के लिए तो सदर अस्पताल में बिजली की सेवा ठप रही, लेकिन सिविल सर्जन के द्वारा सूचना मिलते ही अपनी मौजूदगी में विद्युत कर्मियों के द्वारा शॉर्ट सर्किट को ठीक कराया गया. इसके बाद विद्युत आपूर्ति बहाल की गयी.

अवैध रूप से जेनरेटर का कनेक्शन अन्यत्र करने को लेकर एजेंसी को भेजा पत्र: लखीसराय.

सदर अस्पताल के जेनरेटर सेवा के लिए जेनरेटर ऑपरेटिंग एजेंसी के द्वारा नियुक्त जेनरेटर संचालक गुड्डू कुमार ने एसएनसीयू के जेनरेटर से अनावश्यक रूप से अन्यत्र जगहों पर बिना पूछे कनेक्शन कर दिया था. इस वजह से 24 मई को एसएनसीयू के ऊपर छत पर वायर में आग लग गयी थी. इससे बच्चों के परिजनों में अफरा तफरी का माहौल बन गया. इसके साथ ही अनावश्यक रूप से बिजली का कनेक्शन इधर-उधर करने से शॉट सर्किट के कारण मशीन भी खराब होते रहती है. उपरोक्त बातों को लेकर जेनरेटर ऑपरेटिंग एजेंसी मेसर्स प्रताप एंड ब्रदर्स इंटरप्राइजेज भभुआ को सीएस के द्वारा पत्र भेज कर उनके जेनरेटर संचालक के खिलाफ शिकायत की गयी है. इसमें कहा गया है कि एसएनसीयू के साथ-साथ सदर अस्पताल के मुख्य भवन के बिजली व्यवस्था में भी अनावश्यक रूप से उसके द्वारा हस्तक्षेप किया जाता है. इससे अक्सर ही निबंधन काउंटर, जीविका दीदी की रसोई, पीओसीटी लैब, ओटी एवं कई बार प्रतिरक्षण, आपातकालीन एवं अन्य जगहों पर विद्युत आपूर्ति के साथ साथ जेनरेटर से बिजली आपूर्ति भी बाधित हो जाती है. उसका उक्त कार्य दंडनीय अपराध है. इस संबंध में पूर्व में पत्र के माध्यम से कई बार सूचित किया गया था, लेकिन कोई कार्रवाई या सुधार नहीं किया गया है. पत्र में कहा गया है कि वे अपने स्तर से उपरोक्त वर्णित समस्याओं पर कार्य करते हुए 24 घंटे के अंदर सुधार कराना चाहेंगे अन्यथा एसएनसीयू या अस्पताल के बिजली से संबंधित कोई समस्या/दुर्घटना होने पर सारी जिम्मेदारी उनकी ही होगी एवं अवैध रूप से किये गये कनेक्शन पर व्यय की गयी ईंधन की राशि की वसूली उनके विपत्र से की जायेगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन