लखीसराय स्टेशन. प्रतिदिन होती है लाख रुपये की आमदनी

Published at :22 Jan 2016 3:13 AM (IST)
विज्ञापन
लखीसराय स्टेशन. प्रतिदिन होती है लाख रुपये की आमदनी

स्टेशन पर सुविधाओं का अभाव अब गंदगी फैलाते पकड़े जाने पर वसूला जायेगा जुर्मना लखीसराय : लखीसराय स्टेशन पर यात्री सुविधाओं का अभाव है. इस स्टेशन से प्रतिदिन हजारों यात्री यात्रा प्रारंभ करते हैं, लेकिन प्लेटफार्म पर यात्रियों के बैठने तक की व्यवस्था नहीं है. अप व डाउन दोनों प्लेटफार्म पर यात्रियों को पेयजल संकट […]

विज्ञापन

स्टेशन पर सुविधाओं का अभाव

अब गंदगी फैलाते पकड़े जाने पर वसूला जायेगा जुर्मना
लखीसराय : लखीसराय स्टेशन पर यात्री सुविधाओं का अभाव है. इस स्टेशन से प्रतिदिन हजारों यात्री यात्रा प्रारंभ करते हैं, लेकिन प्लेटफार्म पर यात्रियों के बैठने तक की व्यवस्था नहीं है. अप व डाउन दोनों प्लेटफार्म पर यात्रियों को पेयजल संकट से जुझना पड़ता है. जगह-जगह नल तो लगाये गये है,
लेकिन मरम्मत के अभाव में अधिकतर नल पानी देने में बेदम हो रहा है. टंकी का पानी खत्म होने के बाद किऊल स्टेशन के कंट्रोल यूनिट को सूचना देने के दो घंटे बाद ही पानी उपलब्ध हो पाता है. ऐसे में यात्रियों को पेयजल संकट से जुझना पड़ता है. प्लेटफार्म पर जहां-तहां फेली गंदगी स्वच्छता के दावे को मुंह चिढ़ाता प्रतीत होता है. गंदगी के बीच यात्री बैठकर ट्रेन के आगमन की प्रतिक्षा करते हैं.
प्लेटफार्म पर शौचालय की किल्लत है. इसक कारण महिला यात्रियों को परेशानी होती है. स्टेशन पर यात्रियों की सुविधा के लिए दस छोटे यात्री शेड का बना है, लेकिन यात्री के लिए यह जगह कम पड़ रहे हैं. जिसकी वजह से अधिकतर यात्री खड़े होकर या नीचे बैठ कर समय गुजारते हैं.
यात्री रंजीत कुमार ने बताया कि स्टेशन पर सबसे बड़ी समस्या यात्रियों के विश्राम स्थल, शौचालय, सफाई आदि की है. प्रतिदिन एक लाख से अधिक आमदनी वाले इस स्टेशन में यात्री सुविधा के नाम पर कुछ भी नहीं है. अब तक लखीसराय स्टेशन उपेक्षा का शिकार है.
मुकेश कुमार ने बताया कि रात में बिजली गुल होने पर जनरेटर द्वारा बिजली की सप्लाई में कोताही बरती जा रही है. इससे रात में स्टेशन पर उतरने वाले लोगों को परेशानी होती है. यात्रियों के मुताबिक पहले प्रतिक्षालय को जीआरपी के शस्त्रागार के रूप में उपयोग किया जाता था, लेकिन पिछले छह माह पहले जीआरपी के द्वारा प्रतिक्षालय को खाली करने के बावजूद उसमें ताला लगा रहता है.
कहते हैं अिधकारी : इस संबंध में किऊल रेल प्रबंधक जेवियर एक्का ने कहा कि बिजली, पानी व सफाई की व्यवस्था में सुधार हो रही है. यात्री को स्वंय जागरूक होकर पीक-दान में पीक फेंकनी चाहिए . इससे उनके अलावा उनके सहयोगी यात्री को भी परेशानी न हो. स्टेशन पर गंदगी फेंकने के लिए कूड़ा दान और पिक- दान लगा हुआ है. स्टेशन परिसर में अधिकारी को निर्देश दिया गया है गंदगी फैलाते देखने पर जुर्माना वसूला जाये.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन