लाली पहाड़ी के खुदाई स्थल पर मिले वोटिव सील व स्तूप

Published at :04 Apr 2018 4:12 AM (IST)
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लाली पहाड़ी के खुदाई स्थल पर मिले वोटिव सील व स्तूप

लखीसराय : लाली पहाड़ी अपने गर्भ से नित्य नये चीजों को बाहर निकालने में लगा है. जिससे इसकी खुदाई कार्य में लगे शोधकर्ताओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है. शोधकर्ताओं के पास दिक्कतें सिर्फ इतनी है कि लाली पहाड़ी पर मौजूद पेड़ों को अभी तक काटा नहीं गया है जिससे खुदाई कार्य में काफी […]

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लखीसराय : लाली पहाड़ी अपने गर्भ से नित्य नये चीजों को बाहर निकालने में लगा है. जिससे इसकी खुदाई कार्य में लगे शोधकर्ताओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है. शोधकर्ताओं के पास दिक्कतें सिर्फ इतनी है कि लाली पहाड़ी पर मौजूद पेड़ों को अभी तक काटा नहीं गया है जिससे खुदाई कार्य में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. मंगलवार को पुन: बौद्ध महाविहार को परिभाषित करने वाला वोटिव सील प्राप्त हुआ है. बुधवार को लगभग तीन वोटिव सील व एक वोटिव स्तूप मिलें हैं, जिसमें दो सही व दो खंडित स्थिति में थे.

इस संबंध में खुदाई कार्य की मॉनेटरिंग कर रहे विश्वभारती शांतिनिकेत विश्वविद्यालय के प्राचीन इतिहास एवं पुरातत्व विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो अनिल कुमार ने बताया कि मंगलवार को तीन वोटिव सील व एक वोटिव स्तूप प्राप्त हुए हैं. जिसमें 11वीं व 12वीं सदी का अभिलेख हैं सिद्धमात्रिका लिपि में अंकित है. उसमें बौद्ध धर्म का मूल मंत्र हेतूंप्रभा अंकित हैं. उन्होंने कहा कि वोटिव सील मन्नत पूरी होने पर बौद्ध अनुयायियों द्वारा दान के रूप में इस्तेमाल किया जाता था. इसके मिलने से यह बौध गया, नालंदा, विक्रमशिला व वर्मा के पगन के साथ बौद्ध महाविहार में शामिल हो गया है.
उन्होंने उम्मीद जतायी की लाली पहाड़ी की खुदाई पूर्ण होने पर यहां से बौद्ध महाविहार का जो स्वरूप मिलेगा वह लखीसराय के विकास में मील का पत्थर साबित होगा. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि लाली पहाड़ी के अलावा भी लखीसराय जिला में अनेक ऐसे स्थल हैं जहां की खुदायी होने के बाद यह क्षेत्र विश्व मानचित्र पर अपना एक अलग स्थान हासिल करेगा. लाली पहाड़ी पर खुदायी के दौरान आने वाली बाधाओं के संबंध में प्रो कुमार ने बताया कि यदि समय रहते पेड़ों को की कटायी पूर्ण करा दी जाती है तो खुदाई कार्य में काफी सहुलियत रहेगी. इसके साथ ही उन्होंने बताया कि खुदाई कार्य से मिलने वाली दुर्लभ वस्तुओं के लिए जिलाधिकारी ने संग्रहालय उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है जिससे इसे संजोने में सहुलियत रहेगी.
उन्होंने कहा कि अभी तक की खुदायी में 22 सेल प्राप्त हो चुके हैं. वैसे सर्वे के अनुसार 96 सेल मिलने की संभावना है. उन्होंने बताया कि अब तक अनेक ऐसी दुलर्भ वस्तुएं मिली हैं जिससे वे लोग काफी उत्साहित हैं.
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