काको.
रेलवे सुरक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले प्रखंड क्षेत्र के बारा गांव निवासी आरपीएफ निरीक्षक प्रभारी मनीष कुमार (पिता विजय शर्मा) को अति विशिष्ट रेल सेवा पुरस्कार–2025 से सम्मानित किये जाने से ग्रामीणों मे हर्ष व्याप्त है. शुक्रवार को नयी दिल्ली स्थित यशोभूमि कन्वेंशन सेंटर में आयोजित 70वें अति विशिष्ट रेल सेवा पुरस्कार समारोह में रेल मंत्री भारत सरकार अश्विनी वैष्णव द्वारा उन्हें यह सम्मान प्रदान किया.
आरपीएफ मुजफ्फरपुर में निरीक्षक प्रभारी के रूप में कार्यरत मनीष कुमार ने बीते दो वर्षों के दौरान बाल तस्करी के विरुद्ध अभियान चलाते हुए 80 से 85 तस्करों को गिरफ्तार कर विधि-सम्मत कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजा. उनके कब्जे से कुल 315 बालक व बालिकाओं को मुक्त कराया गया. इसके अतिरिक्त ऑपरेशन नन्हे फरिश्ते के तहत मुजफ्फरपुर जंक्शन तथा ट्रेनों में सघन अभियान चलाकर 570 भूले-भटके एवं घर से भागे बच्चों को सुरक्षित रेस्क्यू किया गया. सभी बच्चों को चाइल्ड वेलफेयर कमेटी को सौंपते हुए बाद में उनके माता-पिता से मिलाया गया.
मनीष कुमार की पहली पोस्टिंग वर्ष 2012 में धनबाद में हुई थी. इसके बाद कोरोना काल के दौरान दूसरी पोस्टिंग जहानाबाद में तथा वर्तमान में उनकी तीसरी पोस्टिंग मुजफ्फरपुर में है. उल्लेखनीय है कि इस वर्ष पूरे भारत में मात्र तीन अधिकारियों को ही यह अति विशिष्ट रेल सेवा पुरस्कार प्रदान किया गया, जिनमें मनीष कुमार भी शामिल हैं.
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