20.1 C
Ranchi

लेटेस्ट वीडियो

hajipur news. बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय सह स्मृति स्तूप का उद्घाटन शीघ्र : सचिव

मुख्यमंत्री के सचिव सह भवन निर्माण विभाग के सचिव कुमार रवि ने शुक्रवार को वैशाली पहुंचकर निर्माण कार्य की प्रगति का निरीक्षण किया. इस अवसर पर कला, संस्कृति एवं युवा विभाग के सचिव प्रणव कुमार, संग्रहालय निदेशालय की निदेशक रचना पाटिल, डीएम यशपाल मीणा, बोधगया महाबोधि मंदिर प्रबंध समिति के सचिव डॉ महाश्वेता महारथी आदि मौजूद रहे.

हाजीपुर. वैशाली में ऐतिहासिक अभिषेक पुष्करणी सरोवर के निकट 72 एकड़ भूखंड पर निर्माणाधीन बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय सह स्मृति स्तूप का निर्माण कार्य पूरा हो गया है. फिनिशिंग कार्य अंतिम चरण में है और शीघ्र ही इसका उद्घाटन होगा. गुरुवार को मुख्यमंत्री के सचिव सह भवन निर्माण विभाग के सचिव कुमार रवि ने शुक्रवार को वैशाली पहुंचकर निर्माण कार्य की प्रगति का निरीक्षण किया. इस अवसर पर कला, संस्कृति एवं युवा विभाग के सचिव प्रणव कुमार, संग्रहालय निदेशालय की निदेशक रचना पाटिल, डीएम यशपाल मीणा, बोधगया महाबोधि मंदिर प्रबंध समिति के सचिव डॉ महाश्वेता महारथी सहित भवन निर्माण विभाग के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और अभियंता मौजूद रहे.

निरीक्षण के दौरान सचिव ने संग्रहालय परिसर का भ्रमण कर कार्यों की समीक्षा की और अंतिम चरण में चल रहे कार्यों को लेकर आवश्यक निर्देश दिए. उन्होंने फिनिशिंग कार्य में तेजी लाने का निर्देश देते हुए कहा कि कार्य पूरा होने के बाद स्तूप भव्य और आकर्षक दिखाई देगा. संग्रहालय में प्रदर्श अधिष्ठापन कार्य को भी शीघ्र पूरा करने का निर्देश दिया गया. सचिव ने परिसर में सौंदर्यीकरण को लेकर कई छोटे लेकिन महत्वपूर्ण कार्य कराने की बात कही, जिससे यह अधिक आकर्षक और मनमोहक दिखे. निरीक्षण के दौरान संग्रहालय परिसर को मड स्तूप से जोड़ने पर भी चर्चा हुई. सचिव ने कहा कि बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय सह स्मृति स्तूप के निर्माण पूरा होने के बाद वैशाली में पर्यटन को नया केंद्र मिलेगा. सचिव ने ड्रेनेज सिस्टम, साइनेज बोर्ड, लाइब्रेरी, मेडिटेशन हॉल, गेस्ट हाउस, ओपन-एयर थिएटर, कैंटीन, आगंतुकों के लिए इलेक्ट्रिक व्हीकल और उद्घाटन संबंधी तैयारियों को लेकर भी चर्चा की. उन्होंने स्तूप परिसर के रखरखाव को लेकर भी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए.

चल रहा फिनिशिंग का काम

वैशाली में 550.48 करोड़ रुपये की लागत से 72.53 एकड़ में निर्मित यह संग्रहालय सह स्मृति स्तूप अपनी अनूठी वास्तुकला के लिए जाना जाएगा. वर्तमान में फिनिशिंग और सफाई का कार्य तेजी से चल रहा है. स्तूप को भव्य बनाने के लिए राजस्थान से 38,500 गुलाबी पत्थर लाए गए हैं. पत्थरों को जोड़ने में सीमेंट या किसी अन्य चिपकाने वाले पदार्थ का उपयोग नहीं किया गया है. स्तूप की मूर्तियां ओडिशा के कलाकारों द्वारा तैयार की गयी है. इसकी कुल ऊंचाई 33 मीटर, आंतरिक व्यास 38 मीटर और बाहरी व्यास 50 मीटर है. इसके आधार तल पर 2,000 श्रद्धालुओं के बैठने की क्षमता वाला विशाल हॉल है. वहीं संग्रहालय में भगवान बुद्ध से संबंधित स्मृति चिन्हों और कलाकृतियों का अधिष्ठापन किया गया है. साथ ही 2,71,689 वर्ग मीटर में पौधारोपण किया गय है. बिजली आपूर्ति के लिए सोलर पावर प्लांट तथा जल प्रबंधन के सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट और वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट की स्थापना की गयी है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

Prabhat Khabar News Desk
Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

संबंधित ख़बरें

Trending News

जरूर पढ़ें

वायरल खबरें

ऐप पर पढें
होम आप का शहर
News Snap News Reel