दाखिले में नहीं चलेगी कॉलेजों की मनमानी

Updated at :18 Jan 2016 6:22 PM
विज्ञापन
दाखिले में नहीं चलेगी कॉलेजों की मनमानी

दाखिले में नहीं चलेगी कॉलेजों की मनमानी नामांकन रद्द होने पर लौटानी होगी फीस फोटो नं-1,कमला राय कॉलेज से निकलते छात्रसंवाददाता, गोपालगंजअब नामांकन में कॉलेज व विश्वविद्यालयों की मनमानी नहीं चलेगी. शैक्षणिक संस्थान में नामांकन के लिए आवेदन करनेवाले छात्र का यदि किसी कारणवश नामांकन नहीं हो पाता है, तो कॉलेज व विश्वविद्यालयों को नामांकन […]

विज्ञापन

दाखिले में नहीं चलेगी कॉलेजों की मनमानी नामांकन रद्द होने पर लौटानी होगी फीस फोटो नं-1,कमला राय कॉलेज से निकलते छात्रसंवाददाता, गोपालगंजअब नामांकन में कॉलेज व विश्वविद्यालयों की मनमानी नहीं चलेगी. शैक्षणिक संस्थान में नामांकन के लिए आवेदन करनेवाले छात्र का यदि किसी कारणवश नामांकन नहीं हो पाता है, तो कॉलेज व विश्वविद्यालयों को नामांकन फीस लौटानी होगी. इतना ही नहीं नामांकन रद्द करने की स्थिति में भी फीस लौटाने के साथ-साथ मूल प्रमाणपत्र भी छात्रों को सौंपना होगा. इसके लिए यूजीसी ने सभी कॉलेजों व विश्वविद्यालयों को गाइडलाइन जारी की है. अगर इन नियमों की अनदेखी हुई, तो संस्थानों पर सख्त कार्रवाई होगी. सत्र शुरू होने से पहले ही कुछ विश्वविद्यालय और कॉलेज छात्रों से नामांकन के लिए फीस ले लेते हैं. कई बार किसी छात्र के दाखिले रद्द करने या नहीं उपस्थित हो सकने की स्थिति में फीस और मूल प्रमाणपत्र रख लिया जाता है. इससे छात्रों को किसी दूसरे संस्थान में एडमिशन मिलने में कठिनाई होती है. यूजीसी के सचिव डॉ जसपाल एस संधू ने कहा है कि एडमिशन रद्द होने पर विवि, कॉलेज या संस्थान छात्र का टीसी (ट्रांसफर सर्टिफिकेट ), मार्क्सशीट, जाति प्रमाणपत्र समेत अन्य मूल दस्तावेज अपने पास नहीं रख सकते. इसके अलावा फीस भी लौटानी होगी. इस संबंध में छात्रों या अभिभावकों की ओर से शिकायत मिलने पर सख्त कार्रवाई की जायेगी. सत्र 2015-16 के दौरान अग्रणी कॉलेजों व यूनिवर्सिटी द्वारा फीस नहीं लौटाने की एक दर्जन से अधिक शिकायतें मिली थीं.सिर्फ प्रोसेसिंग फीस काटने का अधिकार यूजीसी ने कहा है कि कोर्स शुरू होने से पहले दाखिले रद्द होने पर प्रतीक्षा सूची के छात्र को दाखिला दिया जाना चाहिए. विवि दाखिला रद्द करनेवाले की फीस से केवल एक हजार रुपये प्रोसेसिंग फीस के तौर पर काट सकता है. बाकी फीस लौटानी होगी. कोर्स छोड़ने की स्थिति में मासिक व हॉस्टल फीस काट कर बाकी रकम लौटानी होगी.रखी जा रही निगरानी कई प्राइवेट संस्थाएं प्रवेश रर्द करने पर फीस व दस्तावेज नहीं लौटाते हैं. हर साल ऐसी सैकड़ों शिकायतों सामने आती हैं. यही वजह है कि प्राइवेट संस्थाओं पर विशेष निगरानी रखी जा रही है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन