कॉलेज है या कूड़ा डंपिंग जोन
गया: गया कॉलेज कैंपस के कुछ हिस्से को आसपास रहनेवाले कुछ लोगों ने आदतन कूड़ा डंपिंग जोन बना लिया है. वे अपने घरों से निकले कूड़ों को वहीं डाल जा रहे हैं. इनमें उन परिवारों की अहम भूमिका है, जिनके घर कॉलेज की दीवार से सटे हैं. कॉलेज के मुख्य गेट एकता द्वार से प्रवेश […]
गया: गया कॉलेज कैंपस के कुछ हिस्से को आसपास रहनेवाले कुछ लोगों ने आदतन कूड़ा डंपिंग जोन बना लिया है. वे अपने घरों से निकले कूड़ों को वहीं डाल जा रहे हैं. इनमें उन परिवारों की अहम भूमिका है, जिनके घर कॉलेज की दीवार से सटे हैं. कॉलेज के मुख्य गेट एकता द्वार से प्रवेश करने के बाद ही दीवारों के किनारे-किनारे गंदगी फैली दिख जाती है.
मानविकी भवन के पीछे के हिस्से में भी गंदगी है. कॉलेज प्रबंधन के अधिकारियों के मुताबिक, कई बार लोगों तक संदेश पहुंचाया गया कि वे अपनी आदत सुधारें. अपने घर का कूड़ा दूसरों के घर में न डालें. लेकिन, लोग इतनी आसानी से कहां माननेवाले और उन्हें गया कॉलेज से बेहतर ‘कूड़ादान’ कहां मिलेगा. गौरतलब है कि गया कॉलेज नैक ‘ए’ ग्रेेडेड कॉलेज है, ऐसे में कैंपस में फैली गंदगी कॉलेज की छवि भी खराब करती है. पर, ये लोग कहां समझते.
नगर निगम से की गयी है शिकायत
कॉलेज कैंपस में कुछ लोगों द्वारा कूड़ा-कचरा डाल दिया जा रहा है. इससे गंदगी फैल रही है. नगर निगम को एक इसकी लिखित जानकारी दी गयी है, जल्द ही सफाई करा दी जायेगी.
डाॅ शमसुल इसलाम, प्राचार्य, गया कॉलेज
मेरे पास नहीं है कोई पत्र
मेरे पास अब तक कोई पत्र नहीं आया है. हो सकता है विभाग में कहीं पत्र हो. जानकारी ले कर वहां साफ-सफाई करा दी जायेगी. विजय कुमार, नगर आयुक्त
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