चार साल में जर्जर हो गया आरओबी

Published at :29 Jun 2016 5:35 AM (IST)
विज्ञापन
चार साल में जर्जर हो गया आरओबी

2012 में मुख्यमंत्री ने किया था उद्घाटन दरभंगा : दरभंगा शहर को रेलवे लाइन दो भागों में बांटती है. मुख्य सड़क पश्चिमी भाग में है. पूर्वी भाग में भी दर्जनों मुहल्ले हैं. लाखों की आबादी है. पूर्वी भाग के मुहल्लों की लाइफ लाइन दो ब्रिज जर्जर हो चुके. करोड़ों की लागत से बना कटहलबाड़ी रोड […]

विज्ञापन

2012 में मुख्यमंत्री ने किया था उद्घाटन

दरभंगा : दरभंगा शहर को रेलवे लाइन दो भागों में बांटती है. मुख्य सड़क पश्चिमी भाग में है. पूर्वी भाग में भी दर्जनों मुहल्ले हैं. लाखों की आबादी है. पूर्वी भाग के मुहल्लों की लाइफ लाइन दो ब्रिज जर्जर हो चुके. करोड़ों की लागत से बना कटहलबाड़ी रोड ओवरब्रिज तो महज तीन साल में ही खास्ता हाल में आ गया है. वहीं लहेरियासराय स्टेशन पर बना फुट ओवरब्रिज कभी भी धराशायी हो सकता है. इसीलिए इस पुल पर रेलवे ने आवागमन बंद कर दिया है. लाइफ लाइन के बंद तथा क्षतिग्रस्त होने से बड़ी आबादी परेशान है.
एक दशक तक राह देखने के बाद कटहलबाड़ी रेल गुमटी पर रोड ओवरब्रिज का निर्माण हुआ. पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद के आधारशिला रखने के बाद करीब आठ साल तक यह ठंडे बस्ते में रहा. जमीन अधिग्रहण, मुआवजा वितरण आदि के लफड़े से निकलने के बाद इसका निर्माण शुरू हुआ. निर्माण कंपनी इरकॉन ने इसे तैयार किया. विभागीय सूत्र के अनुसार करीब आठ करोड़ से यह पुल बनकर खड़ा हुआ. बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिलाने के लिए सूबे के दौरे पर निकले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 26 सितंबर 2012 को इसका विधिवत उद्घाटन किया, परंतु तीन साल में ही यह जर्जर हो गया. वर्ष 2015 से ही इसपर जलजमाव हो रहा है. जगह-जगह उपरी सतह टूट गयी है. बड़े-बड़े गड्ढे बन आये हैं. हल्की बरसात में ही पुल के मध्य भाग में पानी जमा हो जाता है. अभियंताओं के अनुसार पुल पर पानी जमा होना खतरनाक है.
हजारों की आबादी करती है आवाजाही :इस पुल का निर्माण कटहलबाड़ी रेल गुमटी पर राहगीरों के दवाब को देखते हुए किया गया. रेल लाइन के पूरब चूनाभट्ठी, लक्ष्मीसागर, छपकी, पड़री, धर्मपुर सहित दर्जन भर मुहल्ले हैं. सारामोहनपुर आदि क्षेत्र में जाने वाले भी इसीसे होकर आते-जाते हैं. इसीको ध्यान में रखते हुए रेलवे ने प्रदेश सरकार के साथ मिलकर इस पुल का निर्माण किया. नित्य इस पुल से करीब 15 से 20 हजार लोग आवागमन करते हैं. पुल की हालत यह है कि भारी वाहनों के प्रवेश पर इतने ही वर्ष में रोक लगा दी गयी.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन