डीएमसीएच अधीक्षक को एक घंटे तक कमरे में रखा बंद

Published at :23 Dec 2015 10:20 PM (IST)
विज्ञापन
डीएमसीएच अधीक्षक को एक घंटे तक कमरे में रखा बंद

डीएमसीएच अधीक्षक को एक घंटे तक कमरे में रखा बंद अस्थायी निर्माण तोड़ने पर भड़के कर्मचारी डीएमसीएच अधीक्षक कार्यालय में जड़ा ताला कर्मी इसे नहीं मान रहा अतिक्रमण फोटो संख्या- 01परिचय- डीएमसी अधीक्षक कार्यालय में जड़ा ताला फोटो संख्या- 02 व 03परिचय- ताला जड़ बाहर में प्रदर्शन करते कर्मी दरभंगा . डीएमसीएच के सरकारी आवास […]

विज्ञापन

डीएमसीएच अधीक्षक को एक घंटे तक कमरे में रखा बंद अस्थायी निर्माण तोड़ने पर भड़के कर्मचारी डीएमसीएच अधीक्षक कार्यालय में जड़ा ताला कर्मी इसे नहीं मान रहा अतिक्रमण फोटो संख्या- 01परिचय- डीएमसी अधीक्षक कार्यालय में जड़ा ताला फोटो संख्या- 02 व 03परिचय- ताला जड़ बाहर में प्रदर्शन करते कर्मी दरभंगा . डीएमसीएच के सरकारी आवास को अतिक्रमणमुक्त कराये जाने को लेकर कर्मचारी आक्रोशित हो गये. नाराज कर्मचारियों ने अधीक्षक का घेराव करते हुए कार्यालय के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया. मौके की नजाकत को देखते हुए बेंता ओपी की पुलिस सहित अस्पताल के सुरक्षाकर्मी वहां पहुंच गये. काफी देर तक विवाद होता रहा. हालांकि लगभग एक घंटे के बाद मामला शांत हुआ औ सभी लौट गये. जानकारी के अनुसार अधीक्षक कार्यालय परिसर में बने चतुर्थवर्गीय कर्मचारियों के आवास को उनलोगों ने अस्थायी शेड डालकर बढ़ा लिया है. बुधवार को हाइकोर्ट के आदेश के तहत सीओ ने इसे खाली कराने का निर्देश दिया. इससे कर्मचारी आक्रोशित हो गये. उनके जाते ही सभी एकजुट होकर अधीक्षक के समक्ष पहुंच गये. इस संबंध में कर्मचारियों का कहना है कि अस्थायी शेड का निर्माण उनलोगों ने चहारदीवारी के अंदर किया है. कई आवास में बाथरूम आदि की सुविधा नहीं है. शेड डालकर उनलोगों ने अस्थायी रूप से यह सब बनवाया है. इसमें कहीं कोई अतिक्रमण की बात नहीं है. इससे किसी दूसरे को कोई परेशानी भी नहीं है. आवास के बाहर बने कमरों तथा बैठने के लिए बनाये गये बैठक स्थल को पूर्व में ही तोड़कर हटा दिया गया है. उनलोगों का कहना था कि आवास में पूर्ण व्यवस्था रहती तो वे लोग शेड नहीं डालते. वार्ता के बाद कर्मचारियों ने बताया कि अधीक्षक का कहना है कि उन्होंने इस संबंध में कुछ भी लिखकर नहीं दिया गया. प्राचार्य डॉ आरके सिन्हा बाहर हैं. उनके गुरुवार को लौटने के बाद बात कर कुछ बता पायेंगे. वैसे जानकारों का कहना है कि जिस आवास में कर्मचारी रह रहे हैं व निवास्थल के लिए नहीं बनाया गया. वह तो देर रात तक काम करनेवाले कर्मचारियों के लिए बना था. गौरतलब है कि हाइकोर्ट के आदेश पर डीएमसीए के कई जगहो ंपर अतिक्रमण मुक्ति अभियान चलाया जा रहा है.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन