CM नीतीश को मिला ''गणेश'' से आशीर्वाद, झमटा-झूमर नृत्य देख वनवासियों के मुरीद हुए मुख्यमंत्री
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 19 Nov 2018 12:02 PM
वाल्मीकिनगर : गंडक तट की सुंदरता की सैर और जंगल की वादियों के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार हाथी शेड पहुंचे. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गजराज मणिकंठा समेत कई हाथियों को केला खिलाया. इसके बाद गजराज मणिकंठा ने मुख्यमंत्री को आशीर्वाद भी दिया. वाल्मीकिनगर की वादियों के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उप मुख्यमंत्री सुशील मोदी […]
वाल्मीकिनगर : गंडक तट की सुंदरता की सैर और जंगल की वादियों के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार हाथी शेड पहुंचे. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने गजराज मणिकंठा समेत कई हाथियों को केला खिलाया. इसके बाद गजराज मणिकंठा ने मुख्यमंत्री को आशीर्वाद भी दिया. वाल्मीकिनगर की वादियों के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उप मुख्यमंत्री सुशील मोदी ने 20 घंटे से ज्यादा का समय बिताया. इस दौरान उन्होंने जंगल सफारी का भी लुत्फ उठाया.
सीएम को भेंट किया गया रूद्राक्ष के फल
सीएम व डिप्टी सीएम के सैर के दौरान उन्हें यहां के वृक्षों में लगे रूद्राक्ष के फल भेंट में दिये गये. पर्यावरण प्रेमी मनोज कुमार ने हाथी शेड में मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री को पांच मुखी रुद्राक्ष भेंट किया. इस अवसर पर जिलाधिकारी डॉ निलेश रामचंद्र देवरे ने बताया कि बिहार क्षेत्र और नेपाली क्षेत्र के रुद्राक्ष की महत्ता अन्य क्षेत्रों के रुद्राक्ष से ज्यादा है.
वनवासी महिलाओं की थाप के हुए दीवाने
त्रिवेणी के तट पर वर्षों पुरानी लोक संस्कृति जीवंत थी. उत्तर नेपाल देश अति भल सुनर दक्षिण हो भारत महान सखी रे, बीचे ठइया थरूहट लागेला जइसे शिव माथे दूज चांद सखी रे… झमटा के गीत और भाव नृत्य पर वाल्मीकि आश्रम का कोना-कोना गूंज रहा था. वहीं, दूसरी ओर उरांव जाति की ओर से प्रस्तुत झूमर और दोहरा ठड़िया के भाव नृत्य और गीत पर मुख्यमंत्री की टकटकी लगी रही. परंपराएं विलुप्त नहीं होती, इसे मुख्यमंत्री ने यह कह कर जीवंत कर दिया कि डीएम साहब इस लोक नृत्य का वीडियो रिकार्ड किये हो तो भेज दीजियेगा. यानी, मुख्यमंत्री ने साफ कर दिया कि वनवासियों और आदिवासियों की लोक संस्कृति को मिटने नहीं दिया जायेगा. कार्यक्रम के अंत में जब मुख्यमंत्री ने डीएम निलेश रामचंद्र देवरे से वीडियो की मांग की, तो झमटा गीत प्रस्तुत करनेवाली कुसुम देवी निहाल हो उठी. बताया भी कि अब लगता है कि हमारी परंपराओं को देश और दुनिया जान सकेगी. यही हाल झूमर, ठड़िया व दोहरा गीत नृत्य प्रस्तुत करने वाले उरांव समुदाय के पप्पू उरांव, प्रेमशीला देवी कुमारी देवी आदि का रहा.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










