भूमि उपलब्ध कराने में प्रशासन गंभीर नहीं
फुलपरास : नरहिया में पांच लोगों की ट्रक हादसा में मौत के बाद प्रशासनिक लापरवाही सामने आ गयी है. ऐसा मात्र सुरेंद्र मल्लिक का ही एकमात्र परिवार नहीं है जो सड़क किनारे अपना जीवन यापन कर रहा है. अनुमंडल क्षेत्र के 4278 महादलित परिवार ऐसे हैं जिनके पास रहने को भूमि नहीं है और सभी सड़क किनारे ही अपना जीवन बिता रहे हैं. एक कमरे में कई कई परिवार किसी तरह रह रहे हैं. एेसे में अक्सर ये लोग सड़कों पर ही रातों को सो जाते हैं. इस दौरान चालक की थोड़ी सी भी चूक हुई तो हादसा हो जाता है
आयुक्त का आदेश बेअसर
भूमिहीनों को जमीन आवंटन कराने के मामले में सरकारी निर्देशों की स्थानीय अधिकारी अवहेलना कर रहे हैं. दरभंगा आयुक्त ने विगत दिनों जिला पदाधिकारी को निर्देश दिया गया कि सभी महादलित परिवारों को जमीन हर हाल में मुहैया करायी जाय. आलम यह है कि यह योजना महज कागज तक ही सिमट कर रह गयी है. विभाग से मिली जानकारी के अनुसार चारों प्रखंड में 4278 महादलित परिवारों को रहने के लिए भूमि नहीं है. ये सभी परिवार या तो बांध किनारे घर बना कर रह रहा है. या फिर सड़क किनारे ही सरकारी जमीन में बसे हुए हैं. विभाग अब तक मात्र 322 लोगों को ही भूमि उपलब्ध करा सकी है.
जल्द मिलेगा परचा
जल्द ही सभी अंचलों के भूमिहीनों को बासगीत का पर्चा उपलब्ध कराया जायेगा.
कमर आलम, अनुमंडल पदाधिकारी
