ePaper

प्रधान कर रहे डीसी विपत्र जमा कराने में आनाकानी

Updated at : 16 Jan 2026 10:38 PM (IST)
विज्ञापन
प्रधान कर रहे डीसी विपत्र जमा कराने में आनाकानी

जिले के सरकारी विद्यालयों के प्रधानाध्यापक विभाग द्वारा दी गई राशि का उपयोगिता प्रमाण पत्र जमा कराने में कोताही बरत रहे हैं.

विज्ञापन

बिहारशरीफ. जिले के सरकारी विद्यालयों के प्रधानाध्यापक विभाग द्वारा दी गई राशि का उपयोगिता प्रमाण पत्र जमा कराने में कोताही बरत रहे हैं. इससे स्कूलों के जरूरी कामकाज के साथ-साथ विद्यालय के विकास पर भी प्रभाव पड़ रहा है. जिला शिक्षा पदाधिकारी आनंद विजय ने ऐसे 38 विद्यालयों को चिन्हित कर उन्हें बेंच- डेस्क खरीद से संबंधित उपयोगिता प्रमाण पत्र जमा कराने के लिए 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया है. उल्लेखनीय है कि जिला शिक्षा कार्यालय के द्वारा वित्तीय वर्ष 2023- 24 में जिले के जरूरतमंद विद्यालयों को बेंच-डेस्क की खरीदारी करने के लिए लाखों रुपए दिए गए थे. जिनका कई विद्यालयों के द्वारा अब तक उपयोगिता प्रमाण पत्र कार्यालय में जमा नहीं कराया जा रहा है. इस संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी आनंद विजय ने बताया कि जिला शिक्षा कार्यालय के द्वारा ऐसे 38 विद्यालयों के प्रधानाध्यापक को चिन्हित कर 24 घंटे के भीतर बेंच – डेस्क खरीद की उपयोगिता प्रमाण पत्र जमा कराने का निर्देश दिया गया है. उन्होंने बताया कि पूर्व में भी कई बार इन विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को बेंच – डेस्क खरीद से संबंधित उपयोगिता प्रमाण पत्र जमा कराने का निर्देश दिया गया था. लेकिन इन विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों के द्वारा अभी तक आनाकानी किया जा रहा है. यदि 24 घंटे के भीतर इन विद्यालयों के द्वारा उपयोगिता प्रमाण पत्र जमा नहीं किया जाता है तो ऐसे प्रधानाध्यापकों पर स्पष्टीकरण के साथ-साथ विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी. राशि की उपयोगिता प्रमाण पत्र जमा नहीं करने में जिले के प्राथमिक विद्यालयों से लेकर उच्च माध्यमिक विद्यालयों के नाम शामिल है. उन्होंने बताया कि इस संबंध में पूर्व में कई बार समीक्षात्मक बैठकें आयोजित की जा चुकी हैं, बावजूद इसके कई विद्यालयों द्वारा अब तक उपयोगिता प्रमाण-पत्र जमा नहीं किया गया है. इसे गंभीरता से लेते हुए विभाग ने स्पष्ट किया है कि लगातार निर्देशों की अवहेलना वित्तीय अनियमितता, स्वेच्छाचारिता, उच्चाधिकारी के आदेश की अनदेखी तथा कर्तव्य के प्रति लापरवाही का द्योतक माना जायेगा. इसलिए संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापक 24 घंटे के भीतर लिखित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करें. संतोषजनक स्पष्टीकरण प्राप्त नहीं होने की स्थिति में वेतन स्थगन, विभागीय कार्रवाई अथवा राशि के गबन की श्रेणी में मानते हुए विधि सम्मत कानूनी कार्रवाई की जाएगी.

डीइओ ने संबंधित स्कूलों के प्रधानाध्यापकों की बुलाई बैठक:-

इस मामले की त्वरित समीक्षा के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी के द्वारा 17 जनवरी दिन शनिवार को अपराह्न 04:00 बजे ऐसे सभी प्रधानाध्यापकों की बैठक बुलाई है. इस बैठक में सभी संबंधित प्रधानाध्यापकों को उपयोगिता प्रमाण-पत्र एवं सभी मूल कागजातों के साथ अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने का निर्देश दिया गया है. बैठक के दौरान दस्तावेजों की जांच कर प्रगति की समीक्षा की जाएगी तथा लंबित मामलों का निस्तारण किया जाएगा. उन्होंने बताया कि सरकारी राशि के मामले में इसका पारदर्शी और समयबद्ध उपयोग के प्रति किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी. विभागीय स्तर पर निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि विद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं के लिए आवंटित राशि का समुचित उपयोग सुनिश्चित हो सके.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
SANTOSH KUMAR SINGH

लेखक के बारे में

By SANTOSH KUMAR SINGH

SANTOSH KUMAR SINGH is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन