अंचल कार्यालय में भ्रष्टाचार के आरोप पर किसानों का प्रदर्शन, सीओ के निलंबन की उठी मांग
प्रदर्शन में शामिल संगठन के सदस्य एवं ग्रामीण.
Farmer Protest: बेलहर में अंचल कार्यालय के खिलाफ किसानों और ग्रामीणों का गुस्सा सड़कों पर दिखा. रिश्वतखोरी, लंबित मामलों और कथित दुर्व्यवहार के आरोपों को लेकर सैकड़ों लोगों ने प्रदर्शन कर सीओ के निलंबन की मांग उठाई.
बेलहर, बांका से अभय कुमार ‘सोनू’ की रिपोर्ट
Farmer Protest: बेलहर प्रखंड मुख्यालय में सोमवार को ऑल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन के बैनर तले सैकड़ों किसानों, मजदूरों और ग्रामीणों ने अंचल कार्यालय के समक्ष विक्षोभ प्रदर्शन एवं सभा का आयोजन किया. प्रदर्शनकारियों ने अंचल कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार और प्रशासनिक अनियमितताओं के खिलाफ जमकर नारेबाजी की.
रिश्वतखोरी और दुर्व्यवहार के लगाये आरोप
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने आरोप लगाया कि अंचल कार्यालय में किसानों, रैयतों और आम लोगों के साथ दुर्व्यवहार किया जा रहा है. संगठन के सदस्यों का कहना था कि विभिन्न कार्यों के लिए रिश्वत की मांग की जाती है और राशि नहीं मिलने पर मामलों का निष्पादन लंबित रखा जाता है. प्रदर्शनकारियों ने वर्तमान अंचल अधिकारी को तत्काल निलंबित करने की मांग की.
छह माह से लंबित दाखिल-खारिज मामलों पर नाराजगी
सभा के दौरान किसानों ने छह महीने से लंबित दाखिल-खारिज आवेदनों के शीघ्र निपटारे की मांग उठाई. साथ ही पहले से खारिज किए गए मामलों की निष्पक्ष समीक्षा कर पात्र आवेदकों का दाखिल-खारिज करने की मांग भी की गई.
दलालों की भूमिका पर उठाए सवाल
संगठन के कार्यकर्ताओं ने अंचल कार्यालय में दलालों की सक्रियता पर भी सवाल उठाए. उन्होंने कार्यालय परिसर में दलालों के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सीसीटीवी कैमरों के फुटेज सार्वजनिक करने की मांग की.
परिमार्जन प्लस और फाॅर्मर आइडी को लेकर रखी मांग
प्रदर्शनकारियों ने परिमार्जन प्लस मामलों की जांच केवल ऑनलाइन प्रक्रिया तक सीमित नहीं रखने की बात कही. उन्होंने ऑफलाइन दस्तावेजों के आधार पर भी त्रुटियों का सुधार करने की मांग की. इसके अलावा खतियानी रैयतों की वंशावली के आधार पर किसानों का फार्मर आईडी बनाने की मांग भी उठाई गई.
खाद-बीज और जन वितरण प्रणाली की समस्याएं भी उठीं
किसानों ने समय पर खाद और बीज उपलब्ध कराने की मांग की. वहीं जन वितरण प्रणाली की दुकानों में कथित रूप से कम तौल, अनियमितता और लाभुकों के मानसिक उत्पीड़न के मामलों की जांच कर कार्रवाई करने की भी मांग रखी गई.
न्यूक्लियर पावर प्लांट का भी किया विरोध
सभा में रघुनाथपुर पंचायत के किसानों की उपजाऊ जमीन पर प्रस्तावित न्यूक्लियर पावर प्लांट का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया. प्रदर्शनकारियों ने किसानों की कृषि भूमि पर किसी भी प्रकार की परियोजना लागू करने का विरोध करते हुए इसे तत्काल बंद करने की मांग की.
बड़ी संख्या में शामिल हुए ग्रामीण
कार्यक्रम का नेतृत्व संगठन के सक्रिय सदस्य अर्जुन पाल, रविंद्र पंडित, देवेंद्र पंडित, वासुदेव पंडित, बाबूलाल यादव, नकुल पंडित, गिरधारी पंडित, सियाराम यादव और वीरेंद्र तांती ने किया. इस दौरान सैकड़ों महिला-पुरुष ग्रामीण और संगठन के कार्यकर्ता मौजूद रहे तथा अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की.
प्रशासन से कार्रवाई की उम्मीद
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा. किसानों और ग्रामीणों ने प्रशासन से पारदर्शी व्यवस्था और लंबित समस्याओं के समाधान की मांग की.
Also Read:बांका में बंद पड़े सिनेमा हॉल से युवक का शव बरामद, मौत को लेकर उठ रहे कई सवाल
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










