अररिया : 17 मार्च को नगर थाना क्षेत्र के फटकन टोला बेलवा निवासी मो सउद पिता बहारउद्दीन ने गैयारी निवासी मो आबिद हुसैन की नाबालिग पुत्री का अपहरण किया था. इसके बाद से वह अपहृता को सदर अस्पताल के पीछे स्थित खलिलाबाद मोहल्ले में रखे हुए था. इस बीच पुलिस अपहृता को बरामदगी व अपहर्ता की गिरफ्तारी को लेकर छापेमारी कर रही थी.
इधर गैयारी के ग्रामीणों को जब यह सूचना मिली कि अपहर्ता मो सउद शहर में ही रह रहा है, तो वहां पहुंच कर ग्रामीणों ने अपहृता को अपहर्ता के चंगुल से मुक्त कराया. दोनों को साथ ले गैयारी गये, जहां अपहर्ता की पिटाई कर उसे नगर थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया. अपहरण के उपरांत 19 मार्च को अपहृता के पिता आबिद हुसैन ने मो सउद व एक अज्ञात पर अपहरण का मामला भी दर्ज कराया था. हालांकि इससे पूर्व भी मो सउद के विरुद्ध नगर थाना में छेड़छाड़ का मामला दर्ज है.
इसका विरोध करने पर मो सउद पर लोगों को दहशत में डालने के लिए गोली चलाये जाने का भी आरोप लगाया गया था. इस मामले में वह जेल भी जा चुका है. कांड के अनुसंधानकर्ता सअनि चंद्रकेत सिंह ने बताया कि उन्हें जब ग्रामीणों ने मो सउद को सौंपा, तो उन्होंने अपहृता के बरामदगी के लिए शहर में छापेमारी की.
अररिया : अपहर्ता को…
इस दौरान उन्हें मकान मालिक ने बताया कि अपहृता व अपहर्ता को ग्रामीण अपने साथ ले गये थे. पता चला कि अपहृता ग्रामीणों के कब्जे में है. अपहृता को 164 के बयान के लिए न्यायालय में हाजिर कराया जायेगा. इसके बाद अपहर्ता को जेल भेजा जायेगा.
आरोपित पर ग्रामीणों में दहशत फैलाने के लिए गोलीबारी करने का भी है आरोप
भारत बंद का लखीसराय में दिखा व्यापक असर
कई जगहों पर टायर व बाइक जला आरक्षण का किया विरोध
विद्यापीठ चौक पर बाजार बंद कराने के दौरान दो पक्षों के बीच हुआ पथराव, एक व्यक्ति हुआ घायल, पटना रेफर
बंद समर्थकों ने बाजार बंद कराने के साथ-साथ सड़कों पर खड़े वाहनों का शीशा फोड़ा
पथराव की सूचना मिलते ही एसडीओ, एएसपी अभियान, एसडीपीओ मौके पर पहुंच स्थिति को किया नियंत्रित
प्रभात खबर टोली 4 लखीसराय, जमुई, सहरसा, सुपौल, मुंगेर, अररिया
आरक्षण के विरोध तथा सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के पक्ष में प्रचारित मंगलवार को भारत बंद को लेकर कोसी व पूर्व बिहार के कई जिलों में लोग सुबह से सड़कों पर उतर गये. लोगों ने जहां वाहनों को आड़ा-तिरछा खड़ा कर सड़क को जाम किया, वहीं विभिन्न जगहों पर ट्रेनों का हॉज पाइप को खोल कर ले भागे जाने से ट्रेनों का परिचालन भी बाधित रहा. किऊल-जमालपुर रेल मार्ग पर धनौरी रेलवे स्टेशन पर 73421 अप जमालपुर-किऊल डीएमयू
फायरिंग तोड़फोड़, दर्जनों…
ट्रेन का शरारती तत्वों की ओर से हॉज पाइप खोल का ले भागे जाने की वजह से लगभग पांच घंटे तक ट्रेन धनौरी स्टेशन पर ही खड़ी रही. वहीं इसी मार्ग पर मसूदन रेलवे स्टेशन पर आंदोलनकारियों ने रेलवे ट्रैक पर रेलवे लाइन के बगल में रखी पुरानी रेल पटरी को ही रेल लाइन पर रख ट्रेनों का आवागमन प्रभावित किया. इधर, लखीसराय-मोकामा रेल मार्ग के गंगासराय हॉल्ट पर हावड़ा-राजगीर पैसेंजर ट्रेन का भी शरारती तत्व हॉज पाइप खोल कर भाग निकले, जिस वजह से लगभग एक घंटा तक इस मार्ग पर भी अप लाइन में आवागमन प्रभावित रहा. वहां से हावड़ा-राजगीर पैसेंजर को रेलकर्मियों की ओर से किसी तरह आगे बढ़ाया गया और बड़हिया रेलवे स्टेशन पहुंचाया गया,
जहां पर हॉज पाइप के इंतजार में दोपहर तक ट्रेन खड़ी रही. रेल प्रशासन की ओर से बताया गया कि मोकामा से हॉज पाइप आने के बाद ट्रेन को रवाना किया जायेगा. इधर, लखीसराय में विद्यापीठ चौक पर बंद समर्थकों ने मंगलवार के अहले सुबह से ही वाहनों को आड़ा-तिरछा खड़ा रखकर एनएच 80 पर वाहनों का आवागमन बाधित कर दिया. वहीं बंद के समर्थन करनेवालों में नेतृत्वकर्ता का अभाव साफ दिखाई दे रहा था, जिस वजह से बंद के समर्थन में उतरे लोग एकजुट नहीं होकर अलग-अलग टोली बना बाजार बंद कराते देखे गये. वहीं बंद समर्थकों की टोली में मौजूद कुछ शरारती तत्वों की ओर से सड़क किनारे लगनेवाली दुकानों तथा सड़कों के किनारे खड़े वाहनों का शीशा क्षतिग्रस्त करते भी देखा गया तथा बीच सड़क पर एक पुरानी बाइक व टायर जला कर आरक्षण के विरोध व सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के पक्ष में जम कर नारेबाजी की गयी.
इस दौरान एक युवक की ओर से बंद समर्थकों के हरकतों का वीडियो बनाते देख शरारती तत्व उस युवक से उलझ गये और देखते-देखते नौबत मारपीट तक आ गयी. शरारती तत्वों ने युवक की जम कर पिटाई कर दी. इसके बाद विद्यापीठ चौक के पास ही के 50 से अधिक की संख्या में लोग बंद का विरोध करने लाठी व डंडे के साथ विद्यापीठ चौक पहुंचे. इसके बाद मामला काफी गरम हो गया और देखते ही देखते दोनों पक्षों की ओर से रोड़ेबाजी शुरू हो गयी.
इसमें एक व्यक्ति इंग्लिश निवासी महेंद्र साव (55) का सिर फट गया. इसे तत्काल स्थानीय थाना चौक स्थित एक निजी क्लीनिक में ले जाया गया, जहां से प्राथमिक चिकित्सा के बाद उसे सदर अस्पताल भेजा गया तथा वहां से बेहतर इलाज के लिए पटना रेफर कर दिया गया. बताया जाता है कि महेंद्र साव विद्यापीठ-रेलवे स्टेशन मुख्य सड़क किनारे इंग्लिश मुहल्ले में अपने घर के पास गाय का दूध दूह रहे थे. इसी दौरान भाग-दौड़ में कुछ लोगों की ओर से महेंद्र साव के साथ भी मारपीट की गयी,
जिससे वे घायल हो गये. हंगामे की जानकारी मिलते ही एसडीओ मुरली प्रसाद सिंह, एएसपी अभियान पवन कुमार उपाध्याय, एसडीपीओ पंकज कुमार, टाउन थानाध्यक्ष गौतम कुमार सिंह मौके पर पहुंच मामले को नियंत्रित किया. इससे एक बड़ी घटना होते-होते बची. पदाधिकारियों के नेतृत्व में भारी संख्या में पुलिस बल के मौके पर पहुंचते ही शरारती तत्व भाग निकले. इसके बाद पुलिस ने आड़े-तिरछे खड़े वाहनों को बगल करा कर एनएच 80 पर आवागमन शुरू कराया.
जमुई मोड़ पर शांतिपूर्ण तरीके से लगाया गया जाम:
भारत बंद को लेकर जिला मुख्यालय के जमुई मोड़, कवैया थाना, बाइपास आदि जगहों पर भी बंद समर्थकों की ओर से सड़क पर वाहनों को खड़ा कर तथा बांस बल्ला लगा कर आवागमन को बाधित कर दिया गया. इससे लोगों को आवागमन करने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा. जमुई मोड़ पर हसनपुर निवासी दिगम कुमार के नेतृत्व में बंद समर्थक सुबह से ही पहुंच लखीसराय-जमुई व लखीसराय-रामगढ़ चौक मार्ग को जाम कर दिया. इस कदर जाम लगाया गया कि समाहरणालय से भी कोई व्यक्ति निकल कर बाहर नहीं जा सकता. दोपहर एक बजे एसडीओ मुरली प्रसाद सिंह व एसडीपीओ पंकज कुमार के समझाने-बुझाने के बाद बंद समर्थकों ने जाम को हटा लिया.
बाजार भी रहा बंद:
आरक्षण के विरोध में लखीसराय में जहां बंद समर्थकों की ओर से मुख्य मार्गों को जाम किया गया. वहीं बंद का असर बाजार पर भी दिखा. छिटपुट दुकानों को छोड़ बाजार के अधिकांश दुकानें बंद रही. जबकि, बंद समर्थक मुख्य बाजार में दुकानों को बंद कराने का कार्य नहीं किया. इस दौरान दुकानों के साथ-साथ मॉल भी बंद देखा गया.