शिक्षकों को वर्गों में विभाजन से पठन-पाठन पर असर

Published at :13 Mar 2019 5:52 AM (IST)
विज्ञापन
शिक्षकों को वर्गों में विभाजन से पठन-पाठन पर असर

एक ही विद्यालय में एक ही छत के नीचे पढ़ाने वाले तरह-तरह के शिक्षकों को कई वर्गों में विभाजित कर सरकार ने बहुत ही गलत काम किया है, जिसका दुष्परिणाम होता है कि शिक्षकों का मनोबल टूटता है. बात सिर्फ पुराने वेतनमान और नियोजित शिक्षकों की ही नहीं है. नियोजित शिक्षकों को भी तरह-तरह के […]

विज्ञापन

एक ही विद्यालय में एक ही छत के नीचे पढ़ाने वाले तरह-तरह के शिक्षकों को कई वर्गों में विभाजित कर सरकार ने बहुत ही गलत काम किया है, जिसका दुष्परिणाम होता है कि शिक्षकों का मनोबल टूटता है. बात सिर्फ पुराने वेतनमान और नियोजित शिक्षकों की ही नहीं है. नियोजित शिक्षकों को भी तरह-तरह के शिक्षकों में वर्गीकृत कर दिया गया है.

कोई प्रशिक्षित तो कोई अप्रशिक्षित. कोई प्रशिक्षित होकर भी दो साल तक अप्रशिक्षित का वेतन पाता है. कोई बेरोजगारी के मारे अतिथि शिक्षक बन जाता है, लेकिन वेतन से संतुष्ट नहीं हो पाता है, क्योंकि बच्चे को पढ़ायेंगे तभी उनका वेतन बनेगा. लेकिन, सवाल यह है कि किसी भी कारण से बच्चा विद्यालय यदि नहीं आता है तो उस अतिथि शिक्षक का जीविकोपार्जन कैसे होगा.

मिथिलेश कुमार, इ-मेल से

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola