Punjab State Lottery : 1,000 रुपये उधार लेकर 11 करोड़ रुपये जीतने वाला अमित है हनुमान का भक्त
Published by : Amitabh Kumar Updated At : 08 Nov 2025 12:59 PM
पंजाब स्टेट लॉटरी (Photo : AI)
Punjab State Lottery : राजस्थान के कोटपुतली के सब्जी विक्रेता अमित सहरा ने पंजाब स्टेट लॉटरी के दिवाली बम्पर 2025 में 11 करोड़ रुपये जीतकर सबको हैरान कर दिया. उन्होंने दो टिकट खरीदने के लिए दोस्त से 1,000 रुपये उधार लिए थे जिससे उसकी किस्मत चमक गई. खुश होकर अमित ने पंजाब सरकार का धन्यवाद किया.
Punjab State Lottery : कई भारतीय लॉटरी का टिकट खरीदते हैं, और उम्मीद करते हैं कि उनके हाथ हो सकता है बड़ी रकम आ जाए. राजस्थान के एक साधारण सब्जी विक्रेता के साथ कुछ ऐसा ही हुआ. उनका सपना सच हो गया. दोस्त से उधार लिए 1,000 रुपये से खरीदी गई सामान्य टिकट ने उसे 11 करोड़ रुपये का जैकपॉट दिला दिया. यह साबित करता है कि भाग्य किसी का भी बदल सकता है.
अमित सहरा ने दो टिकट खरीदी
राजस्थान के जयपुर जिले के कोटपुतली शहर के 32 वर्षीय सब्जी विक्रेता अमित सहरा के घर खुशखबरी आई. उन्होंने पंजाब स्टेट लॉटरी के दिवाली बम्पर 2025 में 11 करोड़ रुपये जीतकर अपनी जिंदगी बदल दी. अमित एक छोटी सब्जी गाड़ी चलाते हैं. पंजाब के मोगा घूमने आने के बाद उसने दोस्त से 1,000 रुपये उधार लेकर दो लॉटरी की टिकट खरीदी. एक अपने लिए और एक अपनी पत्नी के लिए. उस वक्त उसे जरा भी एहसास नहीं था कि आने वाले दिनों में उसकी जिंदगी बदलने वाली है.
अमित सहरा है भगवान हनुमान के भक्त
अमित सहरा की पत्नी की लॉटरी टिकट ने सिर्फ 1,000 रुपये ही जीते, लेकिन अमित की किस्मत ने साथ दिया. उन्होंने बठिंडा में 500 रुपये में टिकट खरीदी थी. इसपर उन्होंने टॉप पुरस्कार 11 करोड़ रुपये जीत लिया. ANI से बातचीत में सहरा ने कहा कि वह खुशी से अभिभूत हैं और पंजाब सरकार और लॉटरी एजेंसी का धन्यवाद किया. उन्होंने इसे भगवान की कृपा बताया और खुद को भगवान हनुमान का भक्त बताया. उन्होंने कहा, “मैं अपनी खुशी व्यक्त नहीं कर सकता. मेरी सारी दुखदुःख आज समाप्त हो गए हैं.” उन्होंने यह भी कहा कि वह चाहते हैं कि सभी लोगों की गरीबी कभी खत्म हो.
दोस्त की बेटियों की शादी में 50 लाख रुपये देंगे अमित सहरा
अचानक बड़ी दौलत मिलने के बाद भी अमित सहरा दोस्त को नहीं भूले. उन्होंने बताया कि जिस दोस्त ने उन्हें टिकट खरीदने के लिए पैसे उधार दिये थे, उसकी दो बेटियों को वह 50 लाख रुपये देंगे. उन्होंने कहा, “मैं अपनी मां को खो चुका हूं, इसलिए बेटियों का दर्द समझता हूं.” बाकी राशि अपने बच्चों की पढ़ाई और परिवार के लिए घर बनाने में खर्च करेंगे. सब्जी बेचकर गुजारा करने वाले सहरा ने ANI से कहा कि वह शुरू में चंडीगढ़ तक भी नहीं जा सकते थे. उन्होंने भावुक होकर कहा, “यह भगवान की कृपा है जिसने मुझे ‘छप्पर फाड़ के’ दिया.”
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Amitabh Kumar
अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










