No Confidence Motion: विपक्ष ने जगदीप धनखड़ के खिलाफ दिया अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस, राज्यसभा के इतिहास में पहली बार

Published by : ArbindKumar Mishra Updated At : 10 Dec 2024 8:51 PM

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Jagdeep Dhankhar. File Photo

No Confidence Motion: विपक्षी सांसदों ने मंगलवार को राज्यसभा सभापति जगदीप धनखड़ के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश किया. इंडिया गठबंधन ने उपराष्ट्रपति पर पक्षपात करने का आरोप लगाया है.

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No Confidence Motion: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश ने एक्स पर पोस्ट कर बताया, “राज्य सभा के माननीय सभापति द्वारा अत्यंत पक्षपातपूर्ण तरीके से उच्च सदन की कार्यवाही का संचालन करने के कारण INDIA ग्रुप के सभी घटक दलों के पास उनके खिलाफ औपचारिक रूप से अविश्वास प्रस्ताव लाने के अलावा कोई विकल्प नहीं था. INDIA की पार्टियों के लिए यह बेहद ही कष्टकारी निर्णय रहा है, लेकिन संसदीय लोकतंत्र के हित में यह अभूतपूर्व कदम उठाना पड़ा है. यह प्रस्ताव अभी राज्यसभा के सेक्रेटरी जनरल को सौंपा गया है”.

No Confidence Motion: जगदीप धनखड़ पर विपक्ष की आवाज दबाने का लगा आरोप

इंडिया गठबंधन के सांसदों ने राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ पर विपक्ष की आवाज दबाने का आरोप लगाया है. विपक्ष का आरोप है कि धनखड़ हमेशा सत्ता पक्ष का पक्ष लेते हैं.

अविश्वास प्रस्ताव पर 60 सांसदों ने किए हस्ताक्षर

उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर कुल 60 सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं. टीएमएसी, आम आदमी पार्टी और समाजवादी पार्टी के सांसदों ने अविश्वास प्रस्ताव पर हस्ताक्षर किए हैं.

पहली बार राज्यसभा के सभापति के खिलाफ लाया गया अविश्वास प्रस्ताव

यह पहली बार है, जब किसी राज्यसभा के सभापति के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया गया है. इससे पहले भी विपक्ष ने धनखड़ पर पक्षपात करने का आरोप लगाया था.

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उपराष्ट्रपति को हटाने की क्या है प्रक्रिया?

उपराष्ट्रपति राज्यसभा के पदेन सभापति होते हैं. उनपर उच्च सदन को सुचारू रूप से चलाने की जिम्मेदारी होती है. सभापति पद से तभी हटाया जा सकता है, जब उन्हें उपराष्ट्रपति पद से हटा दिया जाए. उपराष्ट्रपति को पद से हटाने का प्रावधान अनुच्छेद 67 में है. राज्यसभा के सभापति को हटाने के लिए प्रस्ताव को न केवल राज्यसभा में बल्कि लोकसभा में भी पारित करना होगा. एनडीए के पास फिलहाल दोनों सदनों में बहुमत है.

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लेखक के बारे में

By ArbindKumar Mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभालने के साथ-साथ एक पूरी शिफ्ट का नेतृत्व (Shift Lead) भी कर रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

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