Chaibasa News : एमडीएम खाने के बाद बिगड़ी तबीयत, छह साल की बच्ची की गयी जान

Published by : MANJEET KUMAR PANDEY Updated At : 29 Mar 2025 12:30 AM

विज्ञापन

<P>नोवामुंडी. पश्चिमी सिंहभूम जिले के नोवामुंडी प्रखंड की जेटेया पंचायत के नयागांव में एमडीएम (मध्याह्न भोजन) खाने के बाद ओड़िया प्राथमिक विद्यालय (नयागांव) के बच्चों को फूड प्वाइजिंग हो गयी,

विज्ञापन

नोवामुंडी. पश्चिमी सिंहभूम जिले के नोवामुंडी प्रखंड की जेटेया पंचायत के नयागांव में एमडीएम (मध्याह्न भोजन) खाने के बाद ओड़िया प्राथमिक विद्यालय (नयागांव) के बच्चों को फूड प्वाइजिंग हो गयी, जिससे 16 बच्चे बीमार हो गये. वहीं इलाज के दौरान जगन्नाथपुर सीएचसी में आयुषी गोप (6) की मौत हो गयी. पीड़ित में स्कूल की रसोइया भी शामिल हैं. पीड़ितों का इलाज जगन्नाथपुर, नोवामुंडी और ओडिशा के चंपुवा अस्पताल में चल रहा है. वहीं, एक बच्चे की हालत गंभीर होने के कारण उसे सदर अस्पताल चाईबासा रेफर किया गया है.

बच्चों ने भात, दाल व आलू की सब्जी खायी थी, शाम होते ही उल्टी-दस्त की शिकायत

गुरुवार को विद्यालय में सभी बच्चों ने मध्याह्न भोजन में भात, दाल और आलू की सब्जी खायी थी. इसके बाद शाम होते-होते बच्चों की तबीयत बिगड़ने लगी. सभी को उल्टी-दस्त की शिकायत होने लगी. गुरुवार रात को पांच बच्चों को इलाज के लिए जगन्नाथपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया, जहां उनका इलाज जारी है. वहीं पांच पीड़ितों को चंपुआ अनुमंडल अस्पताल व पांच नोवामुंडी टिस्को अस्पताल में इलाजरत हैं.

ग्रामीणों में डर, स्वास्थ्य विभाग की सुस्त कार्यशैली

गांव के मुखिया संजीत कुमार तिरिया ने बताया कि सुबह से कोई भी मेडिकल टीम गांव नहीं पहुंची थी, जिससे ग्रामीणों में डर और गुस्सा था. दोपहर में तीन-चार एएनएम पहुंचीं, लेकिन उन्होंने डायरिया की जांच करने के बजाय मलेरिया का टेस्ट करना शुरू कर दिया. स्वास्थ्य विभाग ने लगाया मेडिकल कैंप: मामले की सूचना मिलते ही स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में कैंप लगाया और ग्रामीणों के बीच दवा का वितरण किया. वहीं, वहीं जगन्नाथपुर एसडीओ महेंद्र छोटन उरांव ने कहा कि इस घटना की जांच करायी जायेगी. रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जायेगा.

शिक्षक व कर्मियों ने भी एमडीएम खाया था : प्रधानाचार्य

विद्यालय के प्रधानाचार्य वीरेंद्र नाथ महतो ने बताया कि गुरुवार को शिक्षक और अन्य कर्मियों ने भी मध्याह्न भोजन खाया था, लेकिन उन्हें कोई दिक्कत नहीं हुई. यह घटना कैसे हुई, इसका कारण स्पष्ट नहीं है. टीम ने

डायरिया व मलेरिया की जांच की : सीएस

पश्चिमी सिंहभूम के सिविल सर्जन सुशांत माझी ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की टीम को प्रभावित गांव में भेजा गया था. पीड़ितों की डायरिया व मलेरिया की जांच की गयी है. अभी स्थिति नियंत्रण में है. उन्होंने बताया कि भोजन डाइजेस्ट नहीं होने या भोजन में गड़बड़ी के कारण डायरिया हो सकता है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
MANJEET KUMAR PANDEY

लेखक के बारे में

By MANJEET KUMAR PANDEY

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola