महिला सुरक्षा मामले में भारत 131वें स्थान पर, 4 में से 1 भारतीय मर्द को महिलाओं के काम पर होती है आपत्ति

Updated at : 20 Jan 2018 7:37 AM (IST)
विज्ञापन
महिला सुरक्षा मामले में भारत 131वें स्थान पर, 4 में से 1 भारतीय मर्द को महिलाओं के काम पर होती है आपत्ति

देश में सार्वजनिक क्षेत्र में काम करनेवाली महिलाओं की भागीदारी पिछले दशक में बढ़ी है. लेकिन एक सर्वे बताता है कि कार्यक्षेत्र में पुरुष वर्चस्व की मानसिकता के कारण महिलाओं को काम करने में कई चुनौतियों का समाना करना पड़ रहा है. हालिया वैश्विक सर्वे रिपोर्ट बताती है कि देश का हर चार में एक […]

विज्ञापन
देश में सार्वजनिक क्षेत्र में काम करनेवाली महिलाओं की भागीदारी पिछले दशक में बढ़ी है. लेकिन एक सर्वे बताता है कि कार्यक्षेत्र में पुरुष वर्चस्व की मानसिकता के कारण महिलाओं को काम करने में कई चुनौतियों का समाना करना पड़ रहा है. हालिया वैश्विक सर्वे रिपोर्ट बताती है कि देश का हर चार में एक पुरुष नहीं चाहता कि महिलाएं घर से बाहर काम करने निकलें.
भारतीय महिलाओं की पिछड़ी स्थिति के कारण ही भारत को पीस ऐंड सिक्योरिटी इंडेक्स में 131वें स्थान पर रखा गया है. यह दिखाता है कि भारत में हुए आर्थिक सुधारों के बावजूद महिलाओं की स्थिति में बदलाव की जरूरत है. विश्व के तरक्की पसंद मुल्कों के सामने हमारे देश की महिलाओं की सामाजिक और आर्थिक भागीदारी कम है. यह इंडेक्स विश्व भर की महिलाओं की समृद्धि और मानसिक शांति के विश्लेषण के आधार पर तैयार किया है.
सर्वे बताता है कि देश में आर्थिक और सामाजिक स्तर पर महिलाओं को भेदभाव का सामना करना पड़ता है. सर्वे में विश्व की 98 फीसदी जनसंख्या को कवर किया गया. पहला स्थान आयरलैंड और दूसरा स्थान नॉर्वे को मिला है. बेटियों के साथ होनेवाले भेदभाव के मामले में सभी सार्क देशों में भारत का स्तर सबसे खराब है. महिलाओं की औसत स्कूलिग के वर्षों में जी-20 देशों में भारत सबसे निचले स्थान पर है.
वुमन पीस एंड सेक्यूरिटी इंडेक्स
महिलाओं के बाहर काम करने पर किस देश की क्या राय
कनाडा 0%
इंडोनेशिया 37%
वैश्विक 19%
नेपाल 19%
भारत 25 %
पुरुष के अनुपात में कन्या जन्म दर
भारत 1.11
सऊदी 1.03
चीन 1.16
वैश्विक 1.08
नेपाल1.04
बाहर काम करनेवाली
महिलाओं का प्रतिशत
भारत 29.4%
चीन 64.2%
सऊदी अरब 21.4%
अफगानिस्तान 16.1%
महिलाओं की सामाजिक, कानूनी व आर्थिक समानता
24 वां हिंसा में हुईं मौत
वैश्विक स्तर 0.93
भारत 0.06
कम्युनिटी सेफ्टी
वैश्विक स्तर 60.5%
भारत 65.5%
तीन पहलुओं पर किया गया सर्वे
सर्वे में तीन तथ्यों को आधार बनाया गया है. पहला आधार है सुरक्षा जिसमें घर, समुदाय, परिवार और सामाजिक स्तर पर मिलने वाली सुरक्षा शामिल है. दूसरा पहलू है महिलाओं के साथ न्याय जिसमें कानूनी स्तर के साथ सामाजिक स्तर भी शामिल है तीसरा पहलू है भागीदारी जिसमें सामाजिक, राजनीतिक, आर्थिक क्षेत्रों में महिलाओं की भागीदारी का आकलन किया गया है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Tags

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola