Success Story: पिता की हत्या, समाज ने कहा क्रिमिनल की बेटी, आयुषी ने DSP बनकर दिया जवाब
Published by : Ravi Mallick Updated At : 22 Jun 2025 12:16 PM
Success Story of DSP Ayushi Singh
Success Story: कहते हैं अगर मन में सच्ची लगन से कुछ करने की ठान ली जाए तो सफलता जरू हासिल होती है. ऐसी ही एक कहानी यूपी पुलिस में डीएसपी आयुषी सिंह (UP Police DSP Ayushi Singh) की है. आयुषी की कहानी पिता की हत्या, मां पर जिम्मेदारी और यूपी पीसीएस जैसी परीक्षा को शानदार रैंक से क्रैक करने के इर्द गिर्द घूमती है.
Success Story: उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले की रहने वाली आयुषी सिंह की कहानी लाखों युवाओं को प्रेरित करने वाली है. डीएसपी आयुषी सिंह (DSP Ayushi Singh UP Police) जिंदगी में एक ऐसा दौर आया जब सब कुछ टूटता हुआ नजर आया. साल 2015 में कोर्ट परिसर में उनके पिता योगेंद्र सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई. उस समय आयुषी 11वीं कक्षा की छात्रा थीं.
DSP आयुषी सिंह के पिता मुरादाबाद के डिलारी क्षेत्र के पूर्व ब्लॉक प्रमुख थे और राजनीति से जुड़े हुए थे. उन पर हत्या जैसे कई आपराधिक मामले दर्ज थे, लेकिन उन्होंने अपने बच्चों की पढ़ाई में कभी कोई कसर नहीं छोड़ी थी.
Success Story DSP Ayushi Singh: डीएसपी आयुषी की कहानी
पिता की मौत के बाद आयुषी सिंह का पूरा परिवार बिखर गया. समाज से आलोचनाएं और ताने मिलने लगे. आयुषी को ‘क्रिमिनल की बेटी’ तक कहा जाने लगा. इन शब्दों से वह टूटी नहीं, बल्कि और मजबूत होती गईं. इस मुश्किल वक्त में उनकी मां ने उनका हौसला बढ़ाया और हर कदम पर साथ दिया. रिश्तेदारों ने भले ही दूरी बना ली, लेकिन मां-बेटी ने हार नहीं मानी.
शुरू से पढ़ाई में अव्वल
आयुषी पढ़ाई में शुरू से ही तेज थीं. 10वीं और 12वीं में उन्होंने 90 प्रतिशत से ज्यादा अंक प्राप्त किए. पिता के सपनों को पूरा करने का संकल्प लेकर उन्होंने यूपी पीसीएस परीक्षा की तैयारी शुरू की. तमाम आर्थिक और सामाजिक चुनौतियों के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी. खुद को साबित करने के लिए दिन-रात मेहनत की.
आयुषी का कहना है कि जब लोग बार-बार ये कहें कि तुम किसी अपराधी की बेटी हो और तुम कुछ नहीं कर सकती, तो वही बात आपको खुद को साबित करने की सबसे बड़ी वजह बन जाती है. उन्होंने नकारात्मक बातों को नजरअंदाज किया और पढ़ाई में पूरी तरह जुट गईं.
नक्सली इलाका बना तैयारी का अड्डा, गोलियों की गूंज के बीच क्रैक किया UPSC
UP PCS में शानदार रैंक
आखिरकार साल 2022 की यूपी पीसीएस परीक्षा में आयुषी ने शानदार सफलता हासिल की. उन्हें पूरे प्रदेश में 62वीं रैंक मिली और डीएसपी पद के लिए चयन हुआ. यह केवल एक परीक्षा पास करने की बात नहीं थी, बल्कि यह उन सभी धारणाओं को तोड़ने का प्रतीक था, जो समाज ने उन पर थोप दी थीं. आयुषी कहती हैं कि लोग चाहे जो कहें, लेकिन उनके लिए उनके पिता हमेशा हीरो रहेंगे.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Ravi Mallick
रवि मल्लिक, प्रभात खबर डिजिटल में सीनियर कंटेट राइटर हैं. सर्वविद्या की राजधानी कहे जाने वाले वाराणसी के रहने वाले हैं. यहीं से पढ़ाई की शुरुआत हुई. भारतेंदु हरिश्चंद्र इंटर कॉलेज से स्कूलिंग खत्म करने के बाद महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन पूरा किया. इसके बाद पत्रकारिता की ओर दिलचस्पी जगी और आगे की पढ़ाई के लिए लखनऊ चले गए. स्वामी विवेकानंद सुभारती यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर्स की डिग्री हासिल की. पढ़ाई के दौरान लखनऊ में रहकर 2017 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव और साल 2019 के लोकसभा चुनाव को करीब से देखा और एक लोकर वेबसाइट के साथ काम किया. डिजिटल युग में पत्रकारिता की शुरुआत होने के चलते रवि मल्लिक Digital News को अच्छे से समझते भी हैं और उसे तराशना भी जानते हैं. पॉलिटिक्स, क्राइम और बिग ब्रेकिंग खबरों पर हाथ साफ करने के बाद साल 2019 में रवि की रुचि एजुकेशन न्यूज की ओर हुई. अमर उजाला के सफलता प्लेटफॉर्म से उन्होंने एजुकेशन की खबरों पर काम करना शुरू किया. एजुकेशन न्यूज पर काम शुरू करने के साथ-साथ रवि के करियर की गाड़ी भी आगे चली. साल 2020 में उन्होंने TV9 भारतवर्ष डिजिटल ज्वाइन किया और इस संस्थान में Career कैटेगरी की शुरुआत की. यहां करियर कैटेगरी पर काम करते हुए 3 साल पूरे कर लिए. साल 2024 में रवि मल्लिक Times Network के टाइम्सनाउ हिंदी के एजुकेशन टीम के साथ जुड़े. जॉब, स्कूली शिक्षा, बोर्ड परीक्षा और रिजल्ट की खबरों पर काम करते हुए एक साल पूरा किया. साल 2025 से रवि प्रभात खबर डिजिटल की यंग और एनर्जेटिक टीम के साथ जुड़े हैं. रवि युवाओं को बेहतर करियर ऑप्शन, करेंट अफेयर्स और नई वैकेंसी के बारे में बताना पसंद करते हैं. बोर्ड परीक्षा हो या UPSC, JEE, CUET और NEET जैसे कॉम्पिटेटिव एग्जाम इनके लिए स्मार्ट टिप्स तैयार करना अच्छा लगता है. एग्जाम टॉपर्स से बात करना और उनकी स्ट्रेटजी के बारे में छात्रों को बताना पसंद है. कॉलेजों के बारे में डिटेल्स में बताना हो या किसी कोर्स की पूरी जानकारी रवि अच्छे से समझा सकते हैं. एजुकेशन न्यूज पर 7 साल का अनुभव रखने वाले रवि मल्लिक के लिए युवाओं को प्रेरित करना, उनके बीच के मुद्दों को उठाना, सही व सटीक जानकारी देना ही प्राथमिकता रही है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










