Rule Change In SSY Scheme : आज हीं करवा लें ये काम, नहीं तो बंद हो जाएगा सुकन्या समृद्धि योजना का खाता
Rule Change In SSY Scheme
Rule Change In SSY Scheme : मोदी सरकार ने बेटियों के भविष्य को सुरक्षित करने के उद्देश्य से सुकन्या समृद्धि योजना शुरू की थी. योजना साल 2015 में शुरू हुई थी जिसमें अब कुछ बदलाव होने जा रहा है. जान लें काम की बात
Rule Change In SSY Scheme: मोदी सरकार की फेमस स्कीम सुकन्या समृद्धि योजना (Sukanya Samriddhi Yojna) में बड़ा बदलाव होने जा रहा है. जी हां…1 अक्टूबर 2024 से ये नया नियम लागू हो जाएगा. यदि आपके घर में भी कोई इस योजना का लाभ ले रहा है तो खबर आपके काम की है. दरअसल, बेटी की पढ़ाई से लेकर शादी तक के लिए पैसों का इंतजाम करने के लिए चलाई गई इस योजना में बेटी के अकाउंट को अब पैरेंट्स या कानूनी अभिभावक ही ऑपरेट कर सकते हैं. ऐसा न होने पर ये खाता बंद किया जा सकता है. ऐसे में अकाउंट ट्रांसफर करने के लिए अब केवल दो दिन का वक्त ही बाकी है. आइए विस्तार से जानते हैं सुकन्या समृद्धि योजना के बारे में…
Sukanya Samriddhi Yojna Updates : बिटिया कैसे बनेगी लखपति?
SSY स्कीम के ज्यादा चर्चा होने का कारण योजना में निवेश पर मिलने वाला ब्याज है. जनवरी-मार्च 2024 तिमाही के लिए इस स्कीम पर 8.2 फीसदी का शानदार ब्याज दिया जा रहा है. योजना एक लॉन्ग टर्म इन्वेस्टमेंट प्लान है, जो 21 साल की होने पर आपकी बेटी को लखपति बना देगा. यदि आप 5 साल की उम्र में बेटी के नाम से SSY Account खुलवाने के बाद इसमें सालाना 1.5 लाख रुपये का इन्वेस्टमेंट करते हैं, तो बेटी की उम्र 21 साल होने के बाद उसके अकाउंट में 69 लाख रुपये से ज्यादी की रकम जमा हो चुकी होगी.
Sukanya Samriddhi Scheme News : कितनी बेटियों का खुलवा सकते हैं अकाउंट?
सुकन्या समृद्धि योजना में अधिकतम 2 लड़कियों के लिए माता-पिता अकाउंट खोल सकते हैं. यदि जुड़वा बेटियां हैं तो तीन के लिए एसएसवाई अकाउंट खोलने में वे सक्षम होंगे.
Sukanya Samriddhi Scheme : कौन ले सकता है योजना का लाभ?
–सुकन्या समृद्धि योजना में निवेश करने के लिए भारत का निवासी होना जरूरी है.
-बालिका के माता-पिता या कानूनी अभिभावक होना आवश्यक है.
-10 साल तक की बिटिया के लिए सुकन्या समृद्धि योजना में निवेश करने में आप सक्षम हैं.
-बेटी के जन्म से लेकर 10 साल की आयु तक एसएसवाई अकाउंट खोल सकते हैं.
Read Also : सुकन्या समृद्धि योजना में खोले हैं बेटी का खाता तो बचा लीजिए, वरना हो जाएगा बंद
Sukanya Samriddhi Calculator : सुकन्या समृद्धि योजना में निवेश पर मिलने वाले रिटर्न की गणना करे
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Amitabh Kumar
अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










