Repo Rate : दशहरा के पहले उम्मीद पर फिरा पानी, रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं

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RBI Governor Sanjay Malhotra on Repo Rate

आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा

Repo Rate : भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की एमपीसी बैठक के नतीजे आ गए हैं. गवर्नर संजय मल्होत्रा ने बताया कि 29 सितंबर से शुरू हुई बैठक में रेपो रेट में इस बार कोई बदलाव नहीं किया गया है.

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Repo Rate : भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की बैठक के नतीजे आ चुके हैं. आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने 29 सितंबर से शुरू हुई बैठक के फैसलों की जानकारी दी. उन्होंने बताया कि इस बार भी रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया गया है. इसका मतलब है कि आपके लोन की ईएमआई पर कोई असर नहीं होगा. अगस्त के बाद अक्टूबर में भी ब्याज दर 5.5% पर यथावत रखी गई है. इस साल अब तक रेपो रेट में तीन बार कटौती की गई है और इसे कुल 100 बेसिस पॉइंट तक घटाया जा चुका है.

रेपो रेट को लेकर लोगों को थी उम्मीद

दशहरा के पहले लोग उम्मीद लगाकर बैठे थे कि जिस तरह से जीएसटी में सरकार की ओर से राहत दी गई है. उसी प्रकार से रेपो रेट को लेकर फैसला किया जा सकता है जिससे आम जनता को राहत मिलेगी. जानकारों ने भी कुछ इसी तरह की उम्मीद की बात की थी लेकिन एमपीसी की बैठक के बाद आम जनता को कोई राहत नहीं दी गई. 

मौद्रिक नीति पर आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने बताया कि एमपीसी ने एकमत से फैसला किया कि रेपो रेट 5.5% पर यथावत रहे. इसी के साथ STF रेट 5.25%, MSF रेट और बैंक रेट 5.75% पर बने रहेंगे. एमपीसी ने नीति के न्यूट्रल रुख को भी जारी रखने का निर्णय लिया.

औसत मुद्रास्फीति को घटाकर 2.6% कर दिया गया

इस साल की औसत मुद्रास्फीति को घटाकर 2.6% कर दिया गया है, जबकि जून में यह 3.7% और अगस्त में 3.1% अनुमानित थी. चौथी तिमाही और अगले साल की पहली तिमाही की मुद्रास्फीति भी कम हुई है और लक्ष्य के करीब बनी हुई है. वैश्विक अनिश्चितताएं और व्यापार संबंधी मुद्दे इस साल के दूसरे हिस्से में आर्थिक वृद्धि को धीमा कर सकते हैं. वर्तमान आर्थिक स्थिति विकास को बढ़ावा देने में मदद कर सकती है.

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अमिताभ कुमार

लेखक के बारे में

By अमिताभ कुमार

डिजिटल जर्नलिज्म में 14 वर्षों से अधिक का अनुभव है. करियर की शुरुआत Prabhatkhabar.com से की. राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों पर अच्छी पकड़ है. राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर गहन लेखन का अनुभव रहा है. तथ्यपरक रिपोर्टिंग और विश्लेषणात्मक लेखन में विशेष रुचि है. ट्रेंडिंग और ब्रेकिंग खबरों पर लगातार फोकस रहता है.

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