जामताड़ा में भूख से मौत का सच! उपायुक्त ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके किया खुलासा

Updated at : 30 Sep 2020 9:09 PM (IST)
विज्ञापन
जामताड़ा में भूख से मौत का सच! उपायुक्त ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके किया खुलासा

देश भर के लोगों का बैंक खाता खाली करके अमीर बन रहे जामताड़ा में भूख से मौत की खबर वायरल हो गयी. सोशल मीडिया पर खबर आते ही उपायुक्त सक्रिय हुए. उन्होंने तत्काल अनुमंडल पदाधिकारी संजय पांडेय की अगुवाई में जांच टीम का गठन किया और बुधवार को मामले का पटाक्षेप कर दिया.

विज्ञापन

जामताड़ा (अजित कुमार) : देश भर के लोगों का बैंक खाता खाली करके अमीर बन रहे जामताड़ा में भूख से मौत की खबर वायरल हो गयी. सोशल मीडिया पर खबर आते ही उपायुक्त सक्रिय हुए. उन्होंने तत्काल अनुमंडल पदाधिकारी संजय पांडेय की अगुवाई में जांच टीम का गठन किया और बुधवार को मामले का पटाक्षेप कर दिया.

उपायुक्त ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके बताया कि नारायणपुर प्रखंड अंतर्गत सोनाबाद गांव में भूख से कोई मौत नहीं हुई है. डीसी फैज अहमद ने बताया कि मृतक नशे का आदी था. वह शराब पीता था. भूख से उसकी मौत नहीं हुई है. मंगलवार की रात को उसने भोजन किया था. बुधवार की सुबह उसकी मौत हो गयी.

उपायुक्त ने बताया कि एसडीएम संजय पांडेय की अगुवाई में टीम गठित कर जांच की गयी थी, जिसमें डीएसओ प्रधान मांझी, नारायणपुर के सीओ केदारनाथ सिंह, बीडीओ माहेश्वरी प्रसाद यादव शामिल थे. जांच टीम ने मृतक के घर पहुंचकर जांच की. आस-पड़ोस के लोगों से जानकारी ली. जांच के क्रम में पता चला कि मृतक महेंद्र सिंह नशे का आदी था और शराब का सेवन भी करता था.

प्रेस कॉन्फ्रेंस कर डीसी फैज अहमद मुमताज एवं एसडीओ संजय पांडेय ने बताया कि भूख से मौत की खबर भ्रामक है. मृतक के घर में राशन रखा हुआ है. मंगलवार की रात घर में मृतक ने खिचड़ी खाया था और उसके बाद चावल भी बनवाया था. बर्तन में रात का खाना पड़ा हुआ था.

Also Read: KYC अपडेट कराने का मैसेज आया, फोन करते ही लुट गये गुजरात के वकील बाबू, निकला जामताड़ा कनेक्शन

डीसी ने स्पष्ट कहा कि भूख से मौत किसी भी हालत में स्वीकार नहीं किया जायेगा. अगर कार्डधारी की मौत भूख से होती है, तो संबंधित डीलर डिसमिस होंगे और जेल जायेंगे. वहीं, गैर कार्डधारी की भूख से मौत होने पर संबंधित मुखिया पर कार्रवाई होगी, वे जेल जायेंगे. मृतक का राशन कार्ड नहीं था.

सोशल मीडिया पर उड़ायी गयी थी अफवाह

नारायणपुर प्रखंड क्षेत्र के चंपापुर पंचायत के सोना बाद दक्षिण बहाल ग्राम में 45 वर्षीय महेंद्र सिंह की मौत भूख से नहीं, बल्कि अचानक तबीयत खराब हो जाने से हुई थी. यह जानकारी महेंद्र सिंह की पत्नी सुशीला देवी ने अधिकारियों को दी. सुबह-सुबह सोशल मीडिया में विभिन्न लोगों के माध्यम से अफवाह उड़ायी गयी कि महेंद्र सिंह की भूख से मौत हो गयी है.

Also Read: झारखंड में कोरोना से 700 लोगों की मौत, एक दिन में रिकॉर्ड 1,03,818 नमूनों की हुई जांच

महेंद्र की पत्नी सुशीला देवी ने अपने कथित आवेदन में कहा था कि उसके पति ने तीन दिन से कुछ नहीं खाया था. भूख से उसकी मौत हो गयी. हालांकि, जांच के बाद सुशीला ने स्वीकार किया कि उसने मंगलवार को खाना खाया था. मंगलवार को दोपहर में भोजन तथा शाम में बिस्किट-पानी भी लिया था.

Posted By : Mihilesh Jha

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola