भाजपा ने पश्चिम बंगाल दिवस मनाया, शुभेंदु बोले- BJP नहीं करती राज्य के बंटवारे का समर्थन

Kolkata: BJP leader Suvendu Adhikari pays tribute to a statue of Syama Prasad Mukherjee during Paschim Banga Dibos at state party office in Kolkata. Sunday, June 20, 2021. (PTI Photo)(PTI06_20_2021_000118B)
भाजपा ने पश्चिम बंगाल दिवस मनाया, शुभेंदु अधिकारी बोले- BJP नहीं करती राज्य के बंटवारे का समर्थन
कोलकाताः भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने रविवार (20 जून) को पार्टी के नेता श्यामा प्रसाद मुखर्जी को श्रद्धांजलि अर्पित कर ‘पश्चिम बंग दिवस’ (पश्चिम बंगाल दिवस) मनाया. इस मौके पर पार्टी के नेताओं ने दावा किया कि अगर श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने हस्तक्षेप नहीं किया होता, तो पश्चिम बंगाल इस्लामिक देश का हिस्सा बन जाता.
हालांकि, राज्य में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस ने भगवा पार्टी पर इतिहास को ‘विकृत’ करने का आरोप लगाया. राज्य विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी ने पार्टी मुख्यालय पर आयोजित कार्यक्रम का नेतृत्व किया, जबकि भाजपा सांसद स्वपन दासगुप्ता ने ट्विटर पर पोस्ट के माध्यम से इस दिवस को मनाया.
शुभेंदु अधिकारी ने तृणमूल कांग्रेस और अन्य पार्टियों (माकपा और कांग्रेस) द्वारा इस दिन को नहीं मनाये जाने पर खेद व्यक्त करते हुए संवाददाताओं से कहा कि अगर हमारे 54 हिंदू प्रतिनिधियों ने पश्चिम बंग को अलग नहीं किया होता, तो हमारे राज्य की राजधानी इस्लामाबाद या ढाका होती, न कि कोलकाता.
Also Read: बंगाल का एक और विभाजन! उत्तर बंगाल के इन जिलों को मिलाकर केंद्रशासित प्रदेश बनाने की चर्चा
विधानसभा चुनाव के बाद राज्य में हुई हिंसा की घटनाओं पर शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि सनातन हिंदू धर्म का अनुकरण करने के लिए लोगों पर हमले किये जा रहे हैं. अब भी 17,500 लोग अपने घर से दूर हैं और 42 लोग मारे (चुनाव उपरांत हिंसा में) गये हैं. उत्तर बंगाल के विभिन्न धड़ों द्वारा अलग राज्य बनाने की मांग पर पार्टी मुख्यालय पर आयोजित कार्यक्रम के बाद शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि उनकी पार्टी राज्य के बंटवारे की मांग का समर्थन नहीं करती है.
हालांकि, उन्होंने जोर दिया कि उत्तर बंगाल के लोगों की शिकायतों को दूर किया जाना चाहिए. विधानसभा के दक्षिणी गेट पर आयोजित एक अन्य कार्यक्रम में नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि भाजपा बंगाल के बंटवारे की किसी मांग का समर्थन नहीं करेगी, लेकिन दक्षिण कोलकाता के कुछ नेताओं को ही सभी अहम मंत्री पद क्यों दे दिये गये? कई जिलों की वर्षों से अनदेखी की जा रही है.
Also Read: बंगाल के टुकड़े-टुकड़े नहीं करने देंगे, केंद्र की भाजपा सरकार पर बरसीं ममता बनर्जी
भाजपा सांसद जॉन बारला और जयंत राय ने पश्चिम बंगाल के उत्तरी भाग के जिलों को अलग करके नया राज्य बनाने की मांग की थी, जिस पर तृणमूल कांग्रेस और अन्य पार्टियों ने तीखी प्रतिक्रिया दी थी. भाजपा नेतृत्व ने भी इस मुद्दे से खुद को अलग कर लिया था.
दूसरी तरफ, राज्यसभा के सदस्य स्वपन दासगुप्ता ने ट्वीट किया कि 20 जून पश्चिम बंगाल दिवस है. इसी दिन वर्ष 1947 में बंगाली हिंदुओं ने पाकिस्तान में पूरे बंगाल को शामिल करने की मुस्लिम लीग की कोशिश को असफल कर भारत में अलग राज्य की मांग की थी. यह वह विचारधारा थी, जिसने फैसले को मूर्त रूप दिया है और हमें इसे भूलना नहीं चाहिए.
तृणमूल कांग्रेस के सांसद सौगत रॉय ने कहा कि भाजपा इतिहास के अपने संस्करण से लोगों को भ्रमित करना चाहती है. उन्होंने कहा कि केवल श्यामा प्रसाद मुखर्जी अकेली हस्ती नहीं थे, जो बंगाल के लिए खड़े हुए. और भी कई हस्तियां थीं, जिनमें प्रगतिशील मुसलमान भी शामिल थे.
Also Read: बंगाल में मंत्री के घर के पास से दो बांग्लादेशी गिरफ्तार, हिंदू नाम से रह रहे थे श्रीभूमि में
Posted By: Mithilesh Jha
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




