ePaper

"शादी के लिए कमाई जरूरी?" जज के बयान पर VIRAL VIDEO ने छेड़ी बहस

Updated at : 03 Apr 2025 10:23 PM (IST)
विज्ञापन
Marriage and Income

Marriage and Income / Symbolic pic from social media

VIRAL VIDEO: आज के दौर में शादी में दोनों पार्टनर्स की जिम्मेदारी होती है. पारंपरिक सोच के मुताबिक, शादी में पुरुष को ही कमाने वाला माना जाता था, लेकिन अब महिलाएं भी आर्थिक रूप से योगदान दे रही हैं. ऐसे में क्या आय को शादी का आधार बनाना सही है?

विज्ञापन

VIRAL VIDEO : एक वायरल वीडियो ने सोशल मीडिया पर जोरदार बहस छेड़ दी है. इस वीडियो में एक जज एक व्यक्ति से पूछते हैं कि उसकी कोई स्थिर आय नहीं है, तो उसने शादी क्यों की? इस पर कई लोग सवाल उठा रहे हैं कि क्या शादी के लिए वित्तीय स्थिरता अनिवार्य होनी चाहिए?

क्या है पूरा मामला?

वीडियो में जज एक व्यक्ति से पूछते हैं:”अगर आपकी आय नहीं है, तो आपने शादी क्यों की?”
जज आगे कहते हैं, “वकीलों को छोड़कर किसी को भी बिना आय शादी करने का अधिकार नहीं है, डॉक्टर को भी नहीं.”

क्या शादी के लिए आय जरूरी है?

इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई. कुछ लोगों ने कहा कि आर्थिक स्थिरता शादी के लिए जरूरी है, जबकि अन्य का मानना है कि शादी केवल प्रेम और साझेदारी पर आधारित होनी चाहिए.

देखें वीडियो-

यह भी पढ़ें: आनंद महिंद्रा ने भी Ghibli Art में दिखाई दिलचस्पी, खुद की बाइक सवार फोटो को X पर किया शेयर

वित्तीय स्थिति और बदलती सोच

आज के दौर में शादी में दोनों पार्टनर्स की जिम्मेदारी होती है. पारंपरिक सोच के मुताबिक, शादी में पुरुष को ही कमाने वाला माना जाता था, लेकिन अब महिलाएं भी आर्थिक रूप से योगदान दे रही हैं. ऐसे में क्या आय को शादी का आधार बनाना सही है?

सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाएं

“क्या कोई कानून है जो बिना स्थिर आय वाले पुरुषों को शादी से रोकता है?””अगर शादी के वक्त व्यक्ति के पास आय थी, लेकिन बाद में उसकी नौकरी चली गई, तो क्या यह अपराध है?”
“अगर पति की आय पर सवाल उठाया जा रहा है, तो पत्नी से क्यों नहीं पूछा गया कि उसने बिना आय वाले व्यक्ति से शादी क्यों की?”

नए जमाने की सोच

आज के दौर में शादी केवल आर्थिक पहलू तक सीमित नहीं होनी चाहिए. साझेदारी, समझदारी और एक-दूसरे के प्रति सम्मान ज्यादा महत्वपूर्ण हैं. यह बहस एक बड़ा सवाल खड़ा करती है – क्या हमें शादी के लिए वित्तीय स्थिरता को अनिवार्य मानना चाहिए, या फिर यह एक व्यक्तिगत फैसला होना चाहिए?

टेक्नोलॉजी की अन्य खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

यह भी पढ़ें: न सब्सक्रिप्शन की चर्चा, न पैसे का खर्चा, फ्री में बनाएं Ghibli Style शानदार एनीमे, सोशल मीडिया पर मचाएं धूम

विज्ञापन
Rajeev Kumar

लेखक के बारे में

By Rajeev Kumar

राजीव, 14 वर्षों से मल्टीमीडिया जर्नलिज्म में एक्टिव हैं. टेक्नोलॉजी में खास इंटरेस्ट है. इन्होंने एआई, एमएल, आईओटी, टेलीकॉम, गैजेट्स, सहित तकनीक की बदलती दुनिया को नजदीक से देखा, समझा और यूजर्स के लिए उसे आसान भाषा में पेश किया है. वर्तमान में ये टेक-मैटर्स पर रिपोर्ट, रिव्यू, एनालिसिस और एक्सप्लेनर लिखते हैं. ये किसी भी विषय की गहराई में जाकर उसकी परतें उधेड़ने का हुनर रखते हैं. इनकी कलम का संतुलन, कंटेंट को एसईओ फ्रेंडली बनाता और पाठकों के दिलों में उतारता है. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola