UPI यूजर्स के लिए आज से बदल गए नियम, डबल हो गई पैसे ट्रांसफर करने की लिमिट

Edited by Rajeev Kumar
Updated:
विज्ञापन

UPI Payment Without Internet

UPI Payment Without Internet | Rules Change | 1 January 2025: 1 जनवरी से यूपीआई पेमेंट से जुड़ा एक नियम बदल रहा है. दरअसल, नये साल में UPI 123Pay सिस्टम का इस्तेमाल करके 10 हजार रुपये तक का यूपीआई पेमेंट किया जा सकेगा.

विज्ञापन

Rules Change | 1 January 2025: 1 जनवरी 2025 से UPI123Pay यूजर्स के लिए कुछ महत्वपूर्ण बदलाव होने चुके हैं. अब यूजर्स एक बार में 5000 रुपये की बजाय 10000 रुपये तक का लेनदेन कर सकेंगे. इसके अलावा, यूपीआई सर्कल फीचर भी लॉन्च किया गया है. इसमें यूजर्स को अपने दोस्तों या परिवार के सदस्यों को शामिल करने की परमिशन मिलती है. भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने इन बदलावों के जरिए UPI लेनदेन को और भी सुविधाजनक और यूजर्स के लिए लाभकारी बनाने का प्रयास किया है.

UPI123Pay की बढ़ गई लिमिट

1 जनवरी 2025 से RBI ने UPI123Pay यूजर्स के लिए लेनदेन की लिमिट बढ़ा दी है. अब UPI123Pay के जरिये यूजर्स प्रतिदिन 10,000 रुपये तक का पेमेंट कर सकेंगे, जो पहले 5000 रुपये था. हालांकि, स्मार्टफोन ऐप्स जैसे PhonePe, Paytm, और Google Pay के लिए लेनदेन की लिमिट पहले जैसी रहेगी, जिसमें यूजर्स प्रतिदिन एक लाख रुपये तक लेनदेन कर सकते हैं और जरूरत पड़ने पर पांच लाख रुपये तक की पेमेंट की सुविधा भी है.

UPI सर्कल फीचर से बिना बैंक अकाउंट के भी पेमेंट करने की सहूलियत

UPI सर्कल फीचर 2024 में लॉन्च हुआ था और 2025 से यह सभी UPI सपोर्टेड प्लैटफाॅर्म्स पर उपलब्ध होगा. इस फीचर में प्राइमरी यूजर को दोस्त या फैमिली मेंबर को शामिल करने की अनुमति मिलती है, जिससे सेकेंडरी यूजर बिना बैंक अकाउंट के भी पेमेंट कर सकते हैं. प्राइमरी यूजर को यह तय करना होगा कि वह दूसरे यूजर को कितने रुपये खर्च करने की अनुमति दे रहे हैं.

UPI सर्कल करेगा दो ऑप्शंस में काम

फुल डेलिगेशन : इसमें सेकेंडरी यूजर को ट्रांजैक्शन को शुरू से लेकर पूरा करने तक की अनुमति मिलती है.
पार्शियल डेलिगेशन : सेकेंडरी यूजर केवल ट्रांजैक्शन शुरू कर सकता है, जबकि उसे पूरा प्राइमरी यूजर को करना होता है.

UPI सर्कल के महत्वपूर्ण नियम :

एक प्राइमरी यूजर अधिकतम 5 सेकेंडरी यूजर्स को जोड़ सकता है
हर ट्रांजैक्शन के लिए 5000 रुपये की लिमिट होगी, जो मासिक 15000 रुपये तक हो सकती है
सेकेंडरी यूजर को पासकोड और बायोमेट्रिक्स जानकारी की आवश्यकता होगी.

New Year’s Day 2025 Google Doodle: गूगल ने चमकते तारों के बीच किया नये साल का स्वागत, आज के डूडल में जानें क्या है खास

WhatsApp पर नये साल के लेटेस्ट स्टिकर्स, यहां से करें डाउनलोड और शेयर

विज्ञापन
Rajeev Kumar

लेखक के बारे में

By Rajeev Kumar

राजीव कुमार हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारिता अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. सरल भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी लेखन शैली की सबसे बड़ी पहचान है. राजीव की विशेषज्ञता स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग तथा डिजिटल ट्रेंड्स जैसे विषयों में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, आधिकारिक डेटा, कंपनी अपडेट्स तथा एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाते हैं. डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. गूगल डिस्कवर और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारीपूर्ण होते हैं, बल्कि पाठकों की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, तुलना आधारित लेख और एक्सप्लेनर स्टोरीज को पाठकों द्वारा काफी पसंद किया जाता है. राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन और फीचर लेखन जैसे विभिन्न बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई. जमशेदपुर में जन्मे राजीव ने प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने रांची यूनिवर्सिटी से बॉटनी ऑनर्स और भारतीय विद्या भवन, पुणे से हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार में डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उन्हें आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में मदद करती है. राजीव की सबसे बड़ी पहचान है, क्रेडिब्लिटी, क्लैरिटी और ऑडियंस-फर्स्ट अप्रोच. वे सिर्फ टेक ऐंड ऑटो को कवर नहीं करते, बल्कि उसे ऐसे पेश करते हैं कि हर व्यक्ति उसे समझ सके, उससे जुड़ सके और उससे फायदा उठा सके. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola