Google Drive को लेकर नये साल से बदलने जा रहा यह नियम, जानिए आप भी

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Google Drive को लेकर नये साल से बदलने जा रहा यह नियम, जानिए आप भी

Google Drive Change Download Policy from 2 January 2024 – डेटा सुरक्षित रखने के लिए अगर आप गूगल ड्राइव का इस्तेमाल करते हैं, तो यह खबर आपके काम की है. 2 जनवरी 2024 से गूगल ड्राइव से जुड़े जरूरी नियम बदलने जा रहे हैं और गूगल की ओर से इसका अनाउंसमेंट कर दिया गया है.

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Google Drive Download Policy Changes : गूगल ड्राइव आगामी 2 जनवरी, 2024 से फाइल डाउनलोड करने के लिए थर्ड-पार्टी कुकीज की आवश्यकता समाप्त कर देगा. यह बदलाव उन यूजर्स के लिए एक बड़ी राहत होगी जो प्राइवेसी के बारे में चिंतित रहते हैं. बता दें कि गूगल ड्राइव के लिए थर्ड-पार्टी कुकीज की आवश्यकता इसलिए पड़ती है ताकि वह यूजर्स की डिवाइस और ब्राउजिंग एक्टिविटी को ट्रैक कर सके. इस जानकारी का इस्तेमाल संबंधित विज्ञापन दिखाने के लिए यूजर को टारगेट करने के लिए किया जाता है. लेकिन अब कंपनी ने कहा है कि 2 जनवरी 2024 से गूगल ड्राइव थर्ड पार्टी कुकीज की जरूरत के बिना डाउनलोड की सर्विस शुरू कर देगा.

गूगल ड्राइव थर्ड पार्टी कुकीज को डिसेबल करेगा

डेटा सुरक्षित रखने के लिए अगर आप गूगल ड्राइव का इस्तेमाल करते हैं, तो यह खबर आपके काम की है. 2 जनवरी 2024 से गूगल ड्राइव से जुड़े जरूरी नियम बदलने जा रहे हैं और गूगल की ओर से इसका अनाउंसमेंट कर दिया गया है. गूगल ने घोषणा की है कि 2 जनवरी 2024 से फाइल डाउनलोड करने के लिए थर्ड पार्टी कुकीज की आवश्यकता खत्म हो जाएगी. इस नियम के लागू होने से उन यूजर्स को खासी राहत मिलेगी, जो गोपनीयता के बारे में चिंतित रहते हैं. अभी तक गूगल ड्राइव पर डेटा सेव करने के लिए थर्ड पार्टी कुकीज की आवश्यकता थी, जिसका इस्तेमाल ब्राउजिंग एक्टिविटी को ट्रैक करने के लिए किया जाता था.

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ड्राइव और डॉक्स पब्लिशिंग फ्लो पर स्विच करना होगा

गूगल ड्राइव के जिन यूजर्स के पास स्पेसिफिक वर्कफ्लो है, जो ड्राइव के डाउनलोड यूआरएल पर निर्भर है या किसी ऐप का इस्तेमाल करते हैं जो ड्राइव के डाउनलोड यूआरएल पर निर्भर है, तो ऐसे लोगों को 2 जनवरी 2024 तक ड्राइव और डॉक्स पब्लिशिंग फ्लो पर स्विच करना होगा. गौरतलब है कि कंपनी ने जून में विंडोज 8, विंडोज 8.1, विंडोज सर्वर 2012 और विंडोज के सभी 32-बिट वर्जन पर ‘ड्राइव फॉर डेस्कटॉप’ के लिए सपोर्ट समाप्त करने की घोषणा कर दी है. कंपनी का कहना है कि विंडोज के 32-बिट वर्जन के यूजर्स अब भी ब्राउजर के माध्यम से गूगल ड्राइव तक पहुंच सकते हैं.

डिफॉल्ट रूप से थर्ड-पार्टी कुकीज को डिसेबल करने की तैयारी

यह बदलाव तब आया है जब प्राइवेसी बढ़ाने के लिए मोजिला और ऐपल की इसी तरह की कार्रवाई के बाद, गूगल अपने क्रोम ब्राउजर में डिफॉल्ट रूप से थर्ड-पार्टी कुकीज को डिसेबल करने की तैयारी कर रहा है. गूगल ने इस बारे में कहा है कि थर्ड-पार्टी कुकीज की आवश्यकता के बिना डाउनलोड सर्विस ड्राइव यूजर्स के लिए यूजेबिलिटी, सुरक्षा और गोपनीयता में सुधार करने के लिए काम करेगी. कंपनी ने कहा, वर्कस्पेस फाइलों (गूगल डॉक्स, शीट्स, स्लाइड्स और फॉर्म फाइल टाइप) के लिए फाइल के गूगल डॉक्स पब्लिशिंग यूआरएल का इस्तेमाल करें. यह परिवर्तन सभी गूगल वर्कस्पेस, कस्टमर्स और पर्सनल गूगल अकाउंट्स वाले यूजर को प्रभावित करता है.

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‘ड्राइव फॉर डेस्कटॉप’ का सपोर्ट

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि जून में कंपनी ने विंडोज 8, विंडोज 8.1, विंडोज सर्वर 2012 और विंडोज के सभी 32-बिट वर्जन पर ‘ड्राइव फॉर डेस्कटॉप’ के लिए सपोर्ट समाप्त करने की घोषणा की है. कंपनी ने आगे कहा कि विंडोज के 32-बिट वर्जन के यूजर्स अब भी ब्राउजर के माध्यम से गूगल ड्राइव तक पहुंच सकते हैं. इस बीच, कंपनी ने ड्राइव के लिए एक ‘सर्च चिप्स’ फीचर पेश किया, जो यूजर्स को वेब ऐप में कहीं भी फाइल टाइप, मालिक और लास्ट मोडिफाई डेट जैसे मानदंडों के आधार पर फिल्टर करने की अनुमति देने में सक्षम है.

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Rajeev Kumar

लेखक के बारे में

By Rajeev Kumar

राजीव, हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और प्रभातखबर डॉट कॉम में कार्यरत हैं. अपने 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारीय अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. आसान भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी कंटेंट राइटिंग की सबसे बड़ी पहचान है.

राजीव की एक्सपर्टीज स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग के साथ-साथ डिजिटल ट्रेंड्स जैसे टॉपिक्स में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, ऑफिशियल डेटा, कंपनी अपडेट्स और एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी यूजर्स तक पहुंचाते हैं.

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राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन, पॉजिटिव जर्नलिज्म और फीचर राइटिंग जैसे अलग-अलग बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई.

जमशेदपुर में जन्मे राजीव की प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से हुई है. इसके बाद उन्होंने भारतीय विद्या भवन, पुणे से जर्नलिज्म ऐंड मास कम्यूनिकेशन में पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उनको आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में यूजर्स तक पहुंचाने में मदद करती है.

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