AI पर वैश्विक समझौते की जरूरत, एक्सपर्ट ने कही यह बात

Published by : Rajeev Kumar Updated At : 01 Jul 2024 3:40 PM

विज्ञापन

AI Job Crisis

AI News: प्रौद्योगिकी की सीमा-पार प्रकृति और इसके प्रभाव को देखते हुए एआई पर वैश्विक समझौते की जरूरत है. इस समझौते की मदद से इसका लाभ पूरी मानवता तक पहुंचाने और किसी भी संभावित दुरुपयोग से बचने में मदद मिलेगी.

विज्ञापन

AI News: सेल्सफोर्स इंडिया की शीर्ष अधिकारी अरुंधति भट्टाचार्य ने कहा कि एआई की सीमा पार प्रकृति को देखते हुए वैश्विक समझौते की जरूरत है. उन्होंने कहा कि इस समझौते की मदद से इसका लाभ पूरी मानवता तक पहुंचाने और किसी भी संभावित दुरुपयोग से बचने में मदद मिलेगी. उन्होंने भरोसा जताया कि भारत के लिए कृत्रिम मेधा (एआई) सार्वजनिक सेवाओं की आपूर्ति में बड़े बदलाव लाएगी.

सेल्सफोर्स इंडिया की सीईओ और चेयरपर्सन तथा एसबीआई की पूर्व चेयरपर्सन भट्टाचार्य ने कहा कि एआई स्वास्थ्य सेवा से लेकर शिक्षा और कौशल विकास तक हर क्षेत्र में बदलाव लाने के लिए तैयार है. भट्टाचार्य ने पीटीआई-भाषा के साथ एक साक्षात्कार में कहा कि इस भविष्य की तकनीक के आने से भारत को बड़े पैमाने पर लाभ होगा.

Truecaller का नया फीचर, कॉल पर आपकी आवाज में बात करेगा AI

Meta AI भारत में आयी; Facebook, WhatsApp और Instagram पर मिलेगा फ्री ऐक्सेस, ऐसे करें यूज

उन्होंने कहा कि प्रौद्योगिकी की सीमा-पार प्रकृति और इसके प्रभाव को देखते हुए एआई पर वैश्विक समझौते की जरूरत है. पीटीआई – भाषा की रिपोर्ट के अनुसार, भट्टाचार्य ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि एआई समाज को लाभ पहुंचाएगा, लेकिन गलत हाथों में यह काफी हानिकारक साबित हो सकता है और इसलिए सावधानी बरतने की जरूरत है.

Who Is Zara Shatavari: ‘ब्यूटी विद ब्रेन’ जारा शतावरी के बारे में यहां जानें सब कुछ

Apple और OpenAI की पार्टनरशिप से जल-भुन गए Elon Musk ?…

विज्ञापन
Rajeev Kumar

लेखक के बारे में

By Rajeev Kumar

राजीव कुमार हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारिता अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. सरल भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी लेखन शैली की सबसे बड़ी पहचान है. राजीव की विशेषज्ञता स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग तथा डिजिटल ट्रेंड्स जैसे विषयों में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, आधिकारिक डेटा, कंपनी अपडेट्स तथा एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाते हैं. डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. गूगल डिस्कवर और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारीपूर्ण होते हैं, बल्कि पाठकों की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, तुलना आधारित लेख और एक्सप्लेनर स्टोरीज को पाठकों द्वारा काफी पसंद किया जाता है. राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन और फीचर लेखन जैसे विभिन्न बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई. जमशेदपुर में जन्मे राजीव ने प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने रांची यूनिवर्सिटी से बॉटनी ऑनर्स और भारतीय विद्या भवन, पुणे से हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार में डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उन्हें आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में मदद करती है. राजीव की सबसे बड़ी पहचान है, क्रेडिब्लिटी, क्लैरिटी और ऑडियंस-फर्स्ट अप्रोच. वे सिर्फ टेक ऐंड ऑटो को कवर नहीं करते, बल्कि उसे ऐसे पेश करते हैं कि हर व्यक्ति उसे समझ सके, उससे जुड़ सके और उससे फायदा उठा सके. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola