नोटबंदी के शिकार हुए सेंट्रल बैंक के चीफ मैनेजर, काम के दबाव में गयी जान!

Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 17 Dec 2016 1:56 AM

विज्ञापन

सिलीगुड़ी. केंद्र सरकार की नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा हजार तथा पांच सौ के नोट बंद किये जाने की घोषणा के बाद से अबतक 37 दिन हो गये हैं,लेकिन पैसे के लिए मारमारी की स्थित सामान्य नहीं हुई है. पैसे लेने के लिए बैंकों और एटीएम की लाइन में लगे कइ ग्राहकों की अबतक मौत हो […]

विज्ञापन
सिलीगुड़ी. केंद्र सरकार की नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा हजार तथा पांच सौ के नोट बंद किये जाने की घोषणा के बाद से अबतक 37 दिन हो गये हैं,लेकिन पैसे के लिए मारमारी की स्थित सामान्य नहीं हुई है. पैसे लेने के लिए बैंकों और एटीएम की लाइन में लगे कइ ग्राहकों की अबतक मौत हो चुकी है. वहीं कइ बैंक कर्मचारियों के भी काम के दबाव में मारे जाने की दावे किये जा रहें हैं. इस प्रकार का एक मामला सिलीगुड़ी में भी सामने आया है. सिलीगुड़ी के विधान मार्केट स्थित सेंट्रल बैंक के चीफ मैनजर की मौत उनके कार्यालय में ही हो गयी. परिवार वालों तथा उनके सहयोगियों ने काम के दबाव की वजह से मौत होने का आरोप लगाया है.

प्राप्त जानकारी के अनुसार चीफ मैनेजर नियोल टोप्नो (54) प्रतिदिन की तरह ही शुक्रवार को भी बैंक में अपने कार्यालय आ गये थे. वह नियमित रूप से काम कर भी रहे थे. अचानक दिन के करीब 1 बजे उनकी तबीयत बिगड़ गयी. सहयोगी तथा ब्रांच के अन्य कर्मचारी उन्हें पास स्थित सिलीगुड़ी सदर अस्पताल ले गये. वहीं कुछ समय बाद उनकी मौत हो गयी. डॉक्टरों के अनुसार उनकी मौत हार्ट अटैक की वजह से हुयी है. ब्रांच मैनेजर नियोल टोप्नो मुख्य रूप से झारखंड के रहने वाले थे और इसी साल तबादला होकर सिलीगुड़ी आये थे. उनके इस अचानक निधन से सेंट्रल बैंक के कर्मचारियों में शोक की लहर है.उनके सहयोगियों ने बताया है कि वह पिछले कइ दिनों से बीमार थे,लेकिन काम के बोझ के कारण छुट्टी नहीं ले पा रहे थे. आखिरकार उन्हें इसकी कीमत जान देकर चुकानी पड़ी.

ब्रांच में ही पड़ा दिल का दौरा
मोदी सरकार पर हमला
इस घटना के बाद वेस्ट बंगाल प्रोबेंशियल बैंक इम्पलाइ एसोसिएशन के दार्जिलिंग जिला सचिव लक्ष्मी महतो ने केंद्र की नरेन्द्र मोदी सरकार पर हमला बोला है. उन्होंने कहा कि सरकार ने बगैर तैयारी के इतना बड़ा फैसला कर लिया. इसकी कीमब आमलोगों के साथ ही बैंक कर्मचारियों को भी चुकानी पड़ रही है. उन्होंने कहा कि बैंक कर्मियों के पास काम का काफी दबाव है. सिलीगुड़ी में यदि काम के दबाव की वजह से कुछ और बैंक कर्मचारी मरते हैं तो इसमें आश्चर्य नहीं होना चाहिए. उन्होंने कहा चार से पांच कैशियरों के गंभीर रूप से बीमार होने की सूचना उनके पास है. लेकिन इन्हें छुट्टी नहीं मिल रही है. ऐसे कर्मचारियों के साथ कभी भी कोइ अनहोनी घटना हो सकती है.
सौतेला व्यवहार करने का लगाया आरोप
श्री महतो ने इसके साथ ही केंद्र सरकार पर पश्चिम बंगाल के साथ सौतेला व्यवहार करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि रिजर्व बैंक द्वारा राज्य का पर्याप्त मात्रा में नगदी नहीं उपलब्ध करायी जा रही है. इसी वजह से इतनी बड़ी समस्या हो रही है. पड़ोसी राज्य सिक्किम और असम में भी अब कैश की किल्लत नहीं है. राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी नोटबंधी के विरोध में जो आंदोलन कर रही हैं,उसी के परिणाम स्वरूप केंद्र सरकार राज्य के लोगों के साथ बदला ले रही है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola