कोलकाता : कोरोना वायरस का खतरा अब भारत में भी मंडराने लगा है. कई राज्यों में कोरोना वायरस के संदिग्ध मामले सामने आये हैं, वहीं, केरल में एक पॉजिटिव मामला सामने आया है. बेलियाघाटा आइडी अस्पताल में भी एक चीनी युवती को कोरोना वायरस से संक्रमित होने के संदेह में भर्ती कराया गया है. पीड़िता का नाम ह्यूयया मिन (28) है. इससे पहले महानगर में थाइलैंड की एक युवती की मौत हो चुकी है. आशंका थी कि उसकी मौत कोरोना वायरस के संक्रमण से हुई है. लेकिन राज्य स्वास्थ्य विभाग ने इसे खारिज कर दिया है.
कोरोना वायरस की भयावहता को देखते राज्य स्वास्थ्य विभाग ने सभी सरकारी मेडिकल कॉलेजों व जिला स्तर के अस्पतालों को अलर्ट पर रखा है. बेलियाघाटा स्थित आइडी अस्पताल व नाॅर्थ बंगाल मेडिकल कॉलेज में कोरोना वायरस से पीड़ित मरीजों की चिकित्सा के लिए अलग से आइसोलेशन वार्ड खोले गये हैं. डब्ल्यूएचओ ने भी अपनी चिंता व्यक्त की है.
क्या है कोरोना वायरस :
कोरोना वायरस, एक विशिष्ट वायरस फैमिली से संबंध रखता है. इस वायरस फैमिली में कुछ वायरस सामान्य रोगों जैसे- सर्दी, जुकाम और कुछ गंभीर रोगों जैसे श्वसन व आंत के रोगों का कारण बनते हैं. कोरोना वायरस की सतह पर क्राउन जैसे कई उभार होते हैं, इन्हें माइक्रोस्कोप में देखने पर सौर कोरोना जैसे दिखते हैं. इसलिए इसका नाम ‘कोरोना वायरस’ है. चीन के वुहान शहर में कोरोना वायरस की वजह से कई लोगों की मौत हो चुकी है. सर्वप्रथम 31 दिसंबर, 2019 को चीन के हुबोई प्रांत के वुहान शहर में निमोनिया के कई मामले सामने आने पर विश्व स्वास्थ्य संगठन के संज्ञान में लाया गया. जांच के दौरान वर्तमान वायरस का किसी भी ज्ञात वायरस से मेल नहीं हुआ. इसने एक गंभीर समस्या को जन्म दिया, क्योंकि जब कोई वायरस नया होता है, तो उसके बारे में यह जानकारी नहीं होती कि यह लोगों को कैसे प्रभावित करेगा. इसलिए यह मेडिकल साइंस के लिए अब तक की सबसे बड़ी चुनौती बनी हुई है. वहीं, लगभग एक सप्ताह के बाद सात जनवरी को चीनी चिकित्सकों ने इस नये वायरस की पहचान की. इस नये वायरस का नाम कोरोना वायरस दिया गया.
कोरोना वायरस के लक्षण :
विश्व स्वास्थ्य संगठन (ड्ब्ल्यूएचओ) के अनुसार इस वायरस के सामान्य लक्षणों में बुखार, खांसी और सांस की तकलीफ जैसी शारीरिक समस्याएं शामिल हैं. वहीं, गंभीर संक्रमण में निमोनिया, किडनी का फेल होना शामिल है, जिससे मनुष्य की मृत्यु तक हो सकती है.
डब्ल्यूएचओ की ओर से संक्रमण रोकने के उपाय :
भोजन करने से पहले साबुन से हाथों को साफ करें. खांसते या छींकते समय मुंह और नाक को ढंक कर रखें. बुखार और खांसी से प्रभावित किसी भी व्यक्ति के निकट संपर्क से बचें. यदि बुखार, खांसी और सांस लेने में कठिनाई हो रही है, तो जल्द चिकित्सिक से संपर्क करें और अपने पिछली यात्रा के संबंध में चिकित्सक को जरूर बतायें. बाजार में भ्रमण करते समय कोरोनो वायरस के मामलों का सामना करना पड़ सकता है, इसलिए जानवरों के संपर्क और संक्रमित सतहों के साथ सीधे असुरक्षित संपर्क से बचें. कच्चे या अधपके पशु उत्पादों के सेवन से बचें.
ऐसे स्थान जहां मनुष्यों और जानवरों में अनियमित रक्त और अन्य शारीरिक संपर्क जैसा संबंध स्थापित होता है, वहां पर इस वायरस का अधिक प्रसार होता है. पशु बाज़ार ऐसे ही स्थलों के उदाहरण हैं, जहां जानवरों से मनुष्यों में वायरस के संक्रमण की अधिक आशंका है. कई जानवरों के मांस के सेवन से यह वायरस मनुष्य तक पहुंच सकता है.