ePaper

विलय के खिलाफ बैंककर्मियों का प्रदर्शन

Updated at : 13 Sep 2019 1:50 AM (IST)
विज्ञापन
विलय के खिलाफ बैंककर्मियों का प्रदर्शन

वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण के तर्क को किया पूरी तरह से खारिज देश की बैंकिंग व्यवस्था होगी चौपट, बना सोच-विचार लिया गया निर्णय दुर्गापुर : बैंक कर्मचारी संघों ने दस सरकारी बैंकों का विलय कर चार बड़े बैंक बनाने के फैसले का विरोध करते हुगुरूवार को विरोध प्रदर्शन किया. नेतृत्वकारी नेताओं ने कहा कि यह फैसला […]

विज्ञापन

वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण के तर्क को किया पूरी तरह से खारिज

देश की बैंकिंग व्यवस्था होगी चौपट, बना सोच-विचार लिया गया निर्णय

दुर्गापुर : बैंक कर्मचारी संघों ने दस सरकारी बैंकों का विलय कर चार बड़े बैंक बनाने के फैसले का विरोध करते हुगुरूवार को विरोध प्रदर्शन किया. नेतृत्वकारी नेताओं ने कहा कि यह फैसला उनकी समझ से परे हैं और इसके पीछे कोई तर्क नहीं दिखाई देता है. ओबीसी बैंक के मण्डल कार्यालय के समक्ष कर्मचारी संघ के लोगो ने प्रदर्शन किया.

हाथों में बैनर तथा पोस्टर लेकर सरकार के इस निर्णय का विरोध किया. नेतृत्व कर रहे दीनानाथ राम ने कहा कि विलय की घोषणा करती हुई वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि बैंकों के विलय का लक्ष्य अंतर्राष्ट्रीय स्तर के मजबूत बैंकों का निर्माण करना है, ताकि देश को पांच हजार अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनायी जा सके. सरकार ने पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी), केनरा बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया और इंडियन बैंक में अन्य बैंकों का विलय करते हुये चार बड़े बैंक बनाने की घोषणा की है.

इसमें पीएनबी में ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स और युनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया का, केनरा बैंक में सिंडिकेट बैंक का, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया में आंध्र बैंक और कॉरपोरेशन बैंक का एवं इंडियन बैंक का इलाहाबाद बैंक में विलय होना है. ‘उन्होने कहा कि सरकार का विलय प्रस्ताव बिना सोच-विचार कर लाया गया है. इसमें ना तो कमजोर बैंक का विलय मजबूत के साथ किया जा रहा है ना ही यह

भौतिक तौर पर समन्वय में आसान बैंकों का विलय किया जा रहा है. कर्मचारी संघ से जुड़े अरुण बरुआ, प्रमोद शर्मा, सोमेन चौधरी, गोपाल पात्रा, बाणी दास आदि उपस्थित थे.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola