चाईबासा : लुधियाना से मुक्त कराये गये 38 बच्चों को चाईबासा में रखने की व्यवस्था नहीं, रांची भेजे जायेंगे
Author Prabhat khabar digital desk
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लुधियाना के पकियाम मर्सी क्रॉस संस्था द्वारा संचालित बालगृह से मुक्त करा लाये जाने के बाद कुल 38 मासूमों को पश्चिमी सिंहभूम जिले के किसी भी बालगृह में वर्तमान में रखनें की जगह नहीं है. इस कारण सर्वप्रथम लुधियाना के बालगृह से लाने के बाद मासूमों को रांची स्थित बालगृह में रखा जायेगा. इसके बाद […]
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लुधियाना के पकियाम मर्सी क्रॉस संस्था द्वारा संचालित बालगृह से मुक्त करा लाये जाने के बाद कुल 38 मासूमों को पश्चिमी सिंहभूम जिले के किसी भी बालगृह में वर्तमान में रखनें की जगह नहीं है. इस कारण सर्वप्रथम लुधियाना के बालगृह से लाने के बाद मासूमों को रांची स्थित बालगृह में रखा जायेगा. इसके बाद सीडब्लूसी के आदेशानुसार जिले से चाइल्ड लाइन की टीम बच्चों को समय-समय पर रांची से लाकर उनके परिवारों को सुपुर्द करने का कार्य करेगी. उधर पंजाब राज्य के लुधियाना शहर के इंदिरानगर स्थित फूलनवाला में पकियाम मर्सी क्रॉस नामक संस्था द्वारा संचालित बालगृह में झारखंड राज्य के पश्चिमी सिंहभूम जिले के 38 बच्चों को एक कारखाना से रिहा कर सीडब्लूसी की टीम द्वारा रखा गया है.
जिसे लाने के लिए सोमवार को चाईबासा से पुलिस की टीम लुधियाना के लिए रवाना हो गयी है. बताया जाता है कि लुधियाना के एक कारखाना में पिछले दो वर्षों से पश्चिमी सिंहभूम जिले के कुल 38 बच्चे बंधुवा मजदूर की तरह बाल श्रमिक के रूप में कार्य कर रहे थे. इन बच्चों की उम्र महज 14 से 16 वर्ष के बीच है. इनमें 20 के करीब लड़कियां शामिल हैं.
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