वर्षाजनित बीमारियों से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने शुरू की तैयारी

Updated at : 19 Jun 2017 5:03 AM (IST)
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वर्षाजनित बीमारियों  से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने शुरू की तैयारी

रेलवे व अनुमंडल अस्पतालों में सर्पदंश की पर्याप्त दवा नहीं चक्रधरपुरृ : बारिश का मौसम आने वाला है. ऐसे में सर्पदंश के इलाज के लिए रेलवे व सरकारी अस्पतालों में एएसवी (एंटी स्नेक वैक्सीन) इंजेक्शन उपलब्ध नहीं करवाया गया है. अनुमंडल अस्पताल के चिकित्सक डॉ आरएन सोरेन के अनुसार सांप के काटने पर एक व्यक्ति […]

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रेलवे व अनुमंडल अस्पतालों में सर्पदंश की पर्याप्त दवा नहीं

चक्रधरपुरृ : बारिश का मौसम आने वाला है. ऐसे में सर्पदंश के इलाज के लिए रेलवे व सरकारी अस्पतालों में एएसवी (एंटी स्नेक वैक्सीन) इंजेक्शन उपलब्ध नहीं करवाया गया है. अनुमंडल अस्पताल के चिकित्सक डॉ आरएन सोरेन के अनुसार सांप के काटने पर एक व्यक्ति को दस या इससे अधिक इंजेक्शन तक लगाये जाते हैं.
ये मरीज की स्थिति पर निर्भर करता है. सांप द्वारा मरीज के शरीर में छोड़े गए जहर की मात्रा और मरीज के अस्पताल तक पहुंचने में लगने वाला समय पर भी इंजेक्शन या दवा की मात्रा निर्भर करती है. सामान्य तौर पर एक मरीज को कम से कम दस इंजेक्शन लगाने ही होते हैं.
डॉ सोरेन ने कहा कि अनुमंडल अस्पताल में 40 एएसवी है, हालांकि यह भी अपर्याप्त है. सदर अस्पताल चाईबासा से अनुमंडल अस्पताल चक्रधरपुर को एएसवी दवा उपलब्ध नहीं हुई है. शीघ्र ही ये एएसवी जिला से उपलब्ध हो जायेगी. मालूम हो कि मार्च से जून माह तक सर्पदंश से दो लोगों की मौत हो गयी. जबकि दर्जनों सर्पदंश के मरीजों को इलाज के लिए भरती कराया गया था. ग्रामीण इलाकों में कई बार लोग सर्प डंसने पर झाड़ फूंक कराने लगते हैं. इससे पीड़ित को समय पर इलाज नहीं मिल पाता और उनकी मौत हो जाती है.
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