खरसावां.
खरसावां स्थित आदिवासी हो समाज महासभा भवन में लाको बोदरा की जयंती पर शुक्रवार को विधायक दशरथ गागराई ने उनकी प्रतिमा का अनावरण किया. विधायक ने ओत गुरु कोल लाको बोदरा को महान विभूति बताते हुए कहा कि वे सदैव समाज के लिए प्रेरणास्रोत बने रहेंगे. कहा कि लाको बोदरा ने हो भाषा की वारंगक्षिति लिपि का अनुसंधान कर समाज को नयी दिशा देने और शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ाने का कार्य किया. विधायक ने लोगों से ओत गुरु के संघर्षमय जीवन से प्रेरणा लेकर भाषा, लिपि, साहित्य और संस्कृति के संरक्षण व संवर्धन के लिए कार्य करने की अपील की. साथ ही, उन्होंने वारंगक्षिति लिपि को भारतीय संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने की मांग की. हो समाज महासभा ने कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का आयोजन हुआ, जिसमें पारंपरिक आदिवासी नृत्य और गीतों ने सबका मन मोहा. इस अवसर पर समाज में बेहतर कार्य करने वाले बच्चों को सम्मानित किया गया. कार्यक्रम में वक्ताओं ने ओत गुरु कोल लाको बोदरा की प्रेरणादायक जीवनी पर प्रकाश डालते हुए कहा कि उनके बताए मार्ग पर चलकर ही समाज को आगे बढ़ाया जा सकता है. मौके पर मुख्य रूप से समाजसेवी बासंती गागराई, प्रमुख मनेंद्र जामुदा, खरसावां बीडीओ प्रधान माझी, कुचाई बीडीओ साधु चरण देवगम, जिप सदस्य काली चरण बानरा, पिपुल्स वेलफेयर सोसाइटी के सचिव डॉ विजय सिंह गागराई, मनोज सोय, अजय समड, अर्जुन गोप, रानी हेंब्रम, रामलाल हेंब्रम, मंगल सिंह जामुदा उपस्थित रहे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

