राजनगर.
राजनगर के आरसीएम स्कूल में आदिवासी पारंपरिक स्वशासन व्यवस्था माझी परगाना महाल कुचूंग दिशोम की बैठक रविवार को पिथो मार्डी की अध्यक्षता में हुई. बैठक में माझी परगाना महाल ने कुड़मी जाति को अनुसूचित जनजाति (एसटी) सूची में शामिल करने की मांग का विरोध किया. रांची जनजातीय शोध संस्थान की रिपोर्ट के अनुसार कुड़मियों का रहन-सहन, खान-पान, पूजा-पाठ आदिवासियों से भिन्न है. वर्तमान में यह समुदाय पेसा कानून का विरोध करता है. ओबीसी आरक्षण का पक्षधर है. पिथो मार्डी ने राजनीतिक प्रेरणा से चल रहे इस आंदोलन पर आपत्ति जतायी. कहा कि यह केवल नौकरी में आरक्षण प्राप्त करने का प्रयास नहीं, बल्कि अनुसूचित क्षेत्रों में आदिवासियों के राजनीतिक अधिकारों को कमजोर करने का भी प्रयास है. जिला प्रशासन के माध्यम से इस पर आपत्ति दर्ज कराई जायेगी. बैठक में उकाम पीड़ परगना राजाराम हांसदा, सुनील सोरेन, नवीन मुर्मू, दुलाल हांसदा, कल्याण हांसदा, सुराई किस्कु, मदन बास्के, लखीराम सोरेन, घासिया किस्कु, बारिश बेसरा, साहेब राम हांसदा, कालीचरण मार्डी, मुथरु हेम्ब्रम, सुनील टुडू, अनिल सोरेन, सुंदर लाल बेसरा, दिकु हांसदा, सुमित्रा मार्डी, सलखान मुर्मू, लखन मार्डी, सालखन बेसरा, बिराम बेसरा, सावना बेसरा, रामचंद्र मार्डी, छुटू सोरेन, बिशु सोरेन, मोहन मार्डी आदि उपस्थित थे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

