पासी समाज को संगठित होने की जरूरत : उदय

Updated at : 24 Apr 2017 6:25 AM (IST)
विज्ञापन
पासी समाज को संगठित होने की जरूरत : उदय

रांची : बिहार विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी ने कहा कि पासी समाज को संगठित होने की जरूरत है. बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर ने संविधान बनाया अौर दलितों, पिछड़ों को ताकत दी, पर आज हमारा संविधान खतरे में है. आरक्षण खत्म करने की साजिश की जा रही है. ऐसे में हम संगठित होकर […]

विज्ञापन
रांची : बिहार विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी ने कहा कि पासी समाज को संगठित होने की जरूरत है. बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर ने संविधान बनाया अौर दलितों, पिछड़ों को ताकत दी, पर आज हमारा संविधान खतरे में है. आरक्षण खत्म करने की साजिश की जा रही है. ऐसे में हम संगठित होकर ही समाज को बचा सकते हैं. समाज से अंधविश्वास अौर रूढ़िवादिता को भी खत्म करने की जरूरत है. श्री चौधरी रविवार को अखिल भारतीय पासी समाज द्वारा मोरहाबादी में आयोजित प्रांतीय सम्मेलन में बोल रहे थे.
बिहार की विधायक प्रेमा चौधरी ने कहा कि हम दलित समुदाय से आते हैं. मांग करने के बाद हमें महादलित की श्रेणी में रखा गया, पर इसका समाज को कोई लाभ नहीं हुआ है. इस समाज से निकलकर अगर हम विधायक, मंत्री बन रहे हैं, तो यह बाबा साहेब आंबेडकर की देन है.
अब आरक्षण को खत्म करने की बात हो रही है. पासी समाज के प्रांतीय अध्यक्ष आरपी चौधरी ने कहा कि विगत एक साल में पासी समाज का सम्मेलन अलग-अलग जिलों में हुआ है. इससे समाज के लोगों में चेतना आयी है. समाज से अंधविश्वास, बाल विवाह, नशाखोरी व दहेज जैसी सामाजिक कुरीतियां है. संकल्प लेना होगा कि हम इन कुरीतियों को खत्म करें. सम्मेलन में बिहार के विधायक मनीष कुमार चौधरी, चंद्रिका महथा, शुकर पासी, बीडी राम सहित अन्य उपस्थित थे.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola