RIMS News : इपीएफओ ने रिम्स के खाते से ब्याज के 10 करोड़ निकाले

Published by : DUSHYANT KUMAR TIWARI Updated At : 13 Oct 2025 12:49 AM

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इपीएफओ ने रिम्स के खाते से 10 करोड़ की निकासी ब्याज के रूप की है. ब्याज की राशि इपीएफओ द्वारा कर्मचारियों का अंशदान जमा नहीं करने पर वसूला गया है.

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रांची. इपीएफओ ने रिम्स के खाते से 10 करोड़ की निकासी ब्याज के रूप की है. ब्याज की राशि इपीएफओ द्वारा कर्मचारियों का अंशदान जमा नहीं करने पर वसूला गया है. हालांकि, खाते से पैसा निकाले जाने की जानकारी मिलते ही रिम्स द्वारा हाइकोर्ट में अपील दायर की गयी. इसके बाद कोर्ट से इस मामले पर तात्काल रोक लगा दी. वहीं, इपीएफओ से बाकी राशि खाते से नहीं निकालने का निर्देश दिया. इस वजह से खाते में पड़े आठ करोड़ बच गये. हालांकि, ये पैसे रिम्स को किसी भी सूरत में जमा करने ही होंगे.

जमा नहीं किया गया था वर्ष 2006 से 2008 तक इपीएफ का अंशदान

बता दें कि वर्ष 2006 से 2008 तक रिम्स प्रशासन द्वारा कर्मचारियों के मद में इपीएफओ का अंश जमा नहीं किया गया था. जब इसकी जानकारी इपीएफओ को कर्मचारियों ने करायी तो रिम्स को अंशदान जमा करने का निर्देश दिया गया. वहीं, अंशदान के एवज में ब्याज का आकलन भी शुरू कर दिया गया. सूत्र बताते हैं कि 40 करोड़ से ज्यादा की राशि (ब्याज सहित) रिम्स को इपीएफओ काे देना है. इससे पूर्व रिम्स से 21 करोड़ की वसूली हो चुकी है. वहीं, शासी परिषद की बैठक नौ अक्तूबर को हुई थी, जिसमें इस मामले को आने से रोक दिया गया.

लापरवाही बरतनेवाले क्लर्क व अधिकारी हो चुके हैं सेवानिवृत्त

रिम्स प्रशासन के पास जब रिम्स खाता को सीज करने का मामला सामने आया, तो इसकी जांच करायी गयी. जांच में पाया गया इपीएफओ को अशंदान जमा नहीं कराने में करीब 14 से 15 क्लर्क और अधिकारी दोषी हैं, लेकिन ये सभी सेवानिवृत्त हो गये हैं. ऐसे में उनपर कार्रवाई भी संभव नहीं है.

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