झाविमो के अंदरखाने की राजनीति गरमायी: बन सकती है नयी कार्यसमिति, फिर शुरू होगी विलय की प्रक्रिया
Published by : Prabhat Khabar Digital Desk Updated At : 13 Jan 2020 6:37 AM
विज्ञापन
16 जनवरी के बाद तेज होगी राजनीतिक गतिविधि, झाविमो के अंदरखाने की राजनीति गरमायी बाबूलाल मरांडी को छोड़ पार्टी के दो विधायकों बंधु तिर्की व प्रदीप यादव ने साफ नहीं किया है अपना स्टैंड झाविमो सुप्रीमो मरांडी की कोशिश होगी कि पार्टी संविधान के अनुरूप विलय की प्रक्रिया पूरी हो, ताकि कोई सवाल न उठे […]
विज्ञापन
16 जनवरी के बाद तेज होगी राजनीतिक गतिविधि, झाविमो के अंदरखाने की राजनीति गरमायी
बाबूलाल मरांडी को छोड़ पार्टी के दो विधायकों बंधु तिर्की व प्रदीप यादव ने साफ नहीं किया है अपना स्टैंड
झाविमो सुप्रीमो मरांडी की कोशिश होगी कि पार्टी संविधान के अनुरूप विलय की प्रक्रिया पूरी हो, ताकि कोई सवाल न उठे
रांची : झाविमो में राजनीतिक सरगर्मी तेज है़ अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी विदेश यात्रा से लौटने के बाद भाजपा में पार्टी के विलय की प्रक्रिया को आगे बढ़ा सकते है़ं सूचना है कि झाविमो में नयी कार्यसमिति का गठन होगा है़ फिलहाल झाविमो कार्यसमिति भंग है़ नयी कार्यसमिति ही विलय की प्रक्रिया को पूरी करेगी़ इस प्रस्ताव पर नये जिलाध्यक्षों से भी सहमति ली जायेगी़ पार्टी अध्यक्ष श्री मरांडी फूंक-फूंक कर कदम रख रहे है़ं
वह विलय की प्रक्रिया में कानूनी अड़चन को दूर करने का प्रयास करेंगे श्री मरांडी की कोशिश होगी कि पार्टी संविधान के अनुरूप विलय की प्रक्रिया पूरी हो़ कार्यसमिति द्वारा विलय का प्रस्ताव भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को भेज कर सूचना दी जायेगी़ भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष की सहमति के बाद चुनाव आयोग को इसकी सूचना दी जायेगी़ इधर मिली जानकारी के अनुसार श्री मरांडी को छोड़ बाकी दो विधायक प्रदीप यादव और बंधु तिर्की ने भाजपा में विलय को लेकर अब तक सहमति नहीं जतायी है दोनों विधायकों ने अपना पत्ता नहीं खोला है़ हालांकि यह तय माना जा रहा है कि विलय की प्रक्रिया का पार्टी विधायक विरोध करेंगे़
पार्टी में चल रही है रायशुमारी
झाविमो में बाबूलाल मरांडी के निर्णय को लेकर रायशुमारी ली जा रही है़ पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और पूर्व जिलाध्यक्षों से लिखित सहमति ली जा रही है़ नेता पार्टी को लिख कर दे रहे हैं कि वह श्री मरांडी के साथ है़ं
– 10वीं अनुसूची के पैरा दो के उप पैरा-1 के मुताबिक सदन के किसी सदस्य के मूल राजनीतिक दल का विलय हुआ, तभी समझा जायेगा, जब संबंधित विधान दल के कम-से-कम दो तिहाई सदस्य ऐसे विलय के लिए सहमत हो गये है़ं
क्या कहते हैं बंधु तिर्की
बाबूलाल मरांडी के लौटने का इंतजार है़ वह आते हैं, उसके बाद देखा जायेगा कि क्या होगा़ अगर वह जाने का मन बना चुके हैं, तो मेरा उनसे आग्रह होगा कि नयी कार्यसमिति में मुझे नहीं रखा जाये़
बंधु तिर्की, विधायक, झाविमो.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन










