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Monsoon Session: झारखंड के तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री ने की थी इस पद पर अयोग्य की नियुक्ति, सरयू राय के सवाल पर आया जवाब

Updated at : 25 Aug 2025 3:36 PM (IST)
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Saryu Rai In Vidhan Sabha

विधानसभा में विधायक सरयू राय

Jharkhand Monsoon Session: झारखंड के तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने जानबूझकर राहुल कुमार नामक गैर सरकारी व्यक्ति को झारखंड स्टेट फार्मेसी काउंसिल का प्रभारी निबंधक सह सचिव नियुक्त किया था. वह इस पद के लिए अयोग्य थे. झारखंड विधानसभा के मानसून सत्र में जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय के अल्पसूचित प्रश्न के उत्तर में स्वास्थ्य विभाग ने यह स्वीकार किया है, लेकिन इस मामले में कार्रवाई पर विभाग ने चुप्पी साध ली है.

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Jharkhand Monsoon Session: झारखंड के स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग ने विधानसभा के मानसून सत्र में सोमवार को स्वीकार किया कि तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने जानबूझकर राहुल कुमार नामक गैर सरकारी व्यक्ति को झारखंड स्टेट फार्मेसी काउंसिल का प्रभारी निबंधक सह सचिव नियुक्त कर दिया था, जो इस पद के लिए अयोग्य थे. जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय के अल्पसूचित प्रश्न के उत्तर में स्वास्थ्य विभाग ने स्वीकार किया कि अयोग्य पाए जाने के कारण राहुल कुमार का फार्मासिस्ट रजिस्ट्रेशन (निबंधन) एवं ट्रिब्यूनल निबंधन को झारखंड स्टेट फार्मेसी काउंसिल ने रद्द कर दिया है. विधायक सरयू राय के कार्यालय की ओर से प्रेस विज्ञप्ति जारी कर यह जानकारी दी गयी है.

कार्रवाई पर स्वास्थ्य विभाग ने साधी चप्पी


विभागीय जांच में यह साबित हो गया है कि तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने योग्य सरकारी फार्मासिस्ट की सूची उपलब्ध कराए जाने के बावजूद अयोग्य व्यक्ति राहुल कुमार को नियुक्त कर लिया था, जो गैर सरकारी व्यक्ति था.

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हंगामे के कारण प्रश्न पर नहीं हो सका वाद-विवाद


विधायक सरयू राय ने पूछा था कि एक गैर सरकारी अयोग्य फार्मासिस्ट को झारखंड स्टेट फार्मेसी काउंसिल का निबंधक सह सचिव नियुक्त करने का षडयंत्र रचनेवाले दोषियों के विरूद्ध सरकार कब तक दंडात्मक कार्रवाई करना चाहती है? इस प्रश्न के उत्तर में सरकार ने इतना ही माना कि तत्कालीन स्वास्थ्य मंत्री द्वारा अयोग्य व्यक्ति की नियुक्ति की गयी थी. इसके लिए दोषियों पर कार्रवाई करने के बारे में सरकार ने चुप्पी साध ली और कोई उत्तर नहीं दिया. विधानसभा में हल्ला-हंगामा के कारण सत्र स्थगित हो गया. इसलिए इस प्रश्न पर वाद-विवाद नहीं हो सका.

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Guru Swarup Mishra

लेखक के बारे में

By Guru Swarup Mishra

मैं गुरुस्वरूप मिश्रा. फिलवक्त डिजिटल मीडिया में कार्यरत. वर्ष 2008 से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से पत्रकारिता की शुरुआत. आकाशवाणी रांची में आकस्मिक समाचार वाचक रहा. प्रिंट मीडिया (हिन्दुस्तान और पंचायतनामा) में फील्ड रिपोर्टिंग की. दैनिक भास्कर के लिए फ्रीलांसिंग. पत्रकारिता में डेढ़ दशक से अधिक का अनुभव. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एमए. 2020 और 2022 में लाडली मीडिया अवार्ड.

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