बरही. ग्राम बरसोत के मुकेश रविदास के चार माह के पुत्र मितांशु की तीन जनवरी को कथित रूप से पोलियो का ड्रॉप पिलाने से हुई मौत की जांच के लिए शुक्रवार को हजारीबाग जिला की मेडिकल टीम बरही पहुंची. हजारीबाग सिविल सर्जन द्वारा गठित जांच टीम का नेतृत्व डब्लूएचओ के सर्विलेंस मेडिकल अफसर डॉ दीपक कर रहे थे. टीम बरही अनुमंडलीय अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ प्रकाश ज्ञानी के साथ ग्राम बरसोत पीड़ित परिवार के घर गयी. वहां मृतक शिशु के माता-पिता से घटना के बाबत जानकारी ली. परिजनों ने बताया कि उनका शिशु जन्म से ही कमजोर था. टीकाकरण के लिए मना करने के बावजूद बरसोत आंगनबाड़ी केंद्र में एएनएम व सहिया ने जबरन पोलियो की खुराक पिला दी. इससे शाम में शिशु को उल्टी-दस्त होने लगा. स्थिति बिगड़ने पर रात में उसे हजारीबाग के एक निजी अस्पताल ले गये, जहां रात 11 बजे उसकी मृत्यु हो गयी. टीम ने डॉ प्रकाश ज्ञानी से भी पूछताछ की. डॉ ज्ञानी ने बताया कि तीन जनवरी को बरसोत आंगनबाड़ी केंद्र में मृतक शिशु सहित 27 शिशुओं का टीकाकरण किया किया गया था. मृतक शिशु को छोड़कर किसी को कोई परेशानी नहीं हुई. सभी स्वस्थ हैं. जांच टीम में प्रभारी डीआरसीएच डॉ सुभाष प्रसाद, मेडिकल अफसर अर्बन डॉ ज्योति, टीकाकरण विभाग के शहनवाज व डब्लूएचओ हजारीबाग के फिल्ड मैनेजर सूरज राम शामिल थे. टीम जांच रिपोर्ट सिविल सर्जन को सौंपेगी.
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