आदिवासियों की पहचान है जतरा

Updated at :28 Oct 2015 7:54 PM
विज्ञापन
आदिवासियों की पहचान है जतरा

आदिवासियों की पहचान है जतरालोहरदगा़ कैरो प्रखंड क्षेत्र के सढ़ाबे में ऐतिहासिक पहाड़ जतरा का समापन हुआ. जतरा में बतौर मुख्य अतिथि पूर्व विधायक कमल किशोर भगत की पत्नी नीरु शांति भगत शामिल हुई. जतरा में आये 15 खोड़हा को नीरु शांति भगत ने पुरस्कृत किया. उन्होंने कहा कि पहाड़ में जतरा लगाना कमल किशोर […]

विज्ञापन

आदिवासियों की पहचान है जतरालोहरदगा़ कैरो प्रखंड क्षेत्र के सढ़ाबे में ऐतिहासिक पहाड़ जतरा का समापन हुआ. जतरा में बतौर मुख्य अतिथि पूर्व विधायक कमल किशोर भगत की पत्नी नीरु शांति भगत शामिल हुई. जतरा में आये 15 खोड़हा को नीरु शांति भगत ने पुरस्कृत किया. उन्होंने कहा कि पहाड़ में जतरा लगाना कमल किशोर भगत ने शुरू की, यह लगातार चलता रहेगा. उन्होंने जतरा को आदिवासियों की संस्कृति की पहचान बताया. मौके पर डहरु उरांव, प्रमेश्वर भगत, लखन उरांव, विश्वनाथ उरांव, कलीम खान, राजकुमारी उरांव, राजेंद्र महतो, अनिता साहू, परमानंद साहू सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola