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Published at :08 Nov 2015 9:58 PM (IST)
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ओके::बिहार में महागंठबंधन की जीत पर गोड्डा के विधायकों ने दी प्रतिक्रिया–गंठबंधन ने अपने वोट बैंक को बिखरने नहीं दिया, भाजपा नहीं कर पायी सेंधमारी–भाजपा के तानाशाही मिजाज को जनता ने किया चकनाचूर : प्रदीप — बिहार में महागंठबंधन की जीत पर गोड्डा में भी मना जश्न तस्वीर: 10 प्रदीप यादव, 11 अशोक भगत, 12 […]

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ओके::बिहार में महागंठबंधन की जीत पर गोड्डा के विधायकों ने दी प्रतिक्रिया–गंठबंधन ने अपने वोट बैंक को बिखरने नहीं दिया, भाजपा नहीं कर पायी सेंधमारी–भाजपा के तानाशाही मिजाज को जनता ने किया चकनाचूर : प्रदीप — बिहार में महागंठबंधन की जीत पर गोड्डा में भी मना जश्न तस्वीर: 10 प्रदीप यादव, 11 अशोक भगत, 12 ताला मरांडी, 13 रघुनंदन मंडल, 14 प्रशांत कुमार, 15 संजय प्रसाद यादव, 16 राजेश रंजन, 17 दीपिका पांडेय सिंह, 18 राजेश मंडल, 19 अमिरूल अंसारी,20 नीतिन कात्यायन, 21 रंजीत कुमारसंवाददाता, गोड्डाचुनावी परिणाम के साथ ही कयासों का दौर खत्म हो गया. अब बिहार में महागंठबंधन की सरकार बनने का रास्ता साफ हो गया है. जनता ने अपना फैसला सुना दिया है. रविवार को रिजल्ट के बाद जिले के विधायकों ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है. बिहार की जनता के साथ-साथ नीतीश कुमार एवं लालू यादव बधाई के पात्र हैं. जिन्होंने देश की राजनीति को नयी दिशा दी है. मोदी के विकास मॉडल तथा उनकी नीतियों को राज्य की जनता ने नाकार दिया है. जीत के पीछे की मुख्य बात यह है कि राज्य की जनता शांतिप्रिय है. भाजपा के लोगों ने तानावपूर्ण एवं सांप्रदायिक माहौल बना दिया था. खासकर भाजपा एवं आरएसएस नेता व कार्यकर्ताओं द्वारा कहा जाना कि अब आरक्षण की जरूरत नहीं है. तमाम बातों को जनता ने नकारते हुये बता दिया कि आज भी बिहार के लोगों को आरक्षण की जरूरत है, जनता शांति चाहती है. साथ ही झारखंड में भी अब प्रयास किया जायेगा कि सांप्रदायिक ताकतों को पूरी तरह से सत्ता से दूर कर आपसी एकता बनायी रखी जाये. प्रदीप यादव, विधायक पोड़ैयाहाट ——————————-महागंठबंधन की जीत हुई है इस बात को स्वीकार कर लिया गया है. भाजपा विरोधी वोट जो महागंठबंधन के आरजेडी, जदयू, कांग्रेस के साथ थी भाजपा उस वोट बैंक पर सेंधमारी नहीं कर पायी. आगे प्रयास किया जायेगा तथा झारखंड में भी इसका प्रयोग होगा. अशोक भगत, विधायक, महगामा ————————–बिहार के रिजल्ट के बारे में मैं सिर्फ इतना ही कह सकता हूं की पार्टी में कहीं न कहीं चूक हुई है. यह बात दिल को चुभता है कि भाजपा में कार्यकर्ताओं की उपेक्षा हुई है. चुनाव पूर्व टिकट को लेकर जो सर्वेक्षण किया जाता है. और उस सर्वेक्षण में जो कैंडिडेट होने चाहिए यदि उसके मुताबिक टिकट दिया जाता तो भाजपा आज निश्चित रूप से अच्छी स्थिति में होती. काम करने वाले कार्यकर्ताओं के मनोबल में गिरावट आयी है. वे हताश महसूस कर रहे हैं. इसका मुख्य कारण पार्टी के अंदर कार्यकर्ताओं को नीचा दिखाने की प्रवृति मुख्य रूप से शामिल है. आज अगर ऐसे मामले पर ब्रेक लग जाये तो कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ेगा. पार्टी को मंथन करना चाहिए. ताला मरांडी, विधायक, बोरियो ————————–बिहार में भाजपा की हार और महागंठबंधन की जीत इस बात का प्रमाण है कि राज्य की जनता व वोटर को भाजपा पूरी तरह से अपनी ओर आकर्षित नहीं कर पायी है. हार से ही बड़ी जीत संभव है. पार्टी इस पर विचार करे.रघुनंदन मंडल, विधाायक गोड्डा ————————-पूर्व विधायकों ने कहाबिहार की जनता ने भाजपा के डीएनए की पूरी तरह जांच कर अपना फैसला सुनाया है. चार माह से महागंठबंधन के खिलाफ प्रधानमंत्री समेत बड़ी खोपड़ी वालों ने बिहारी अस्मिता को जिस तरह से सरेआम बदनाम करने की कोशिश की है जनता ने फैसला सुना कर उनके मुंह पर कालीख पोत दी है. ऐसे लोगों को सोचना चाहिए की बिहार चंद्रगुप्त, अशोक,चाणक्य, बुद्ध, महावीर, जयप्रकाश नारायण जैसे महापुरुषों की धरती है. इस धरती के लोगों में शांति, प्रेम, आपसी भाईचारा बरकरार रहता है. जो इसे बिगाड़ने का कार्य करता है उसे करारा जवाब हमेशा ही मिला है.संजय प्रसाद यादव, पूर्व विधायक राजद ————————–महागंठबंधन की जीत ने यह साबित कर दिया कि अधिक बोलने तथा ऊपर ही ऊपर चोंच मारने से शहद नहीं बल्कि मधुमक्खी का डंक लगता है. नीतीश कुमार के महागंठबंधन ने भाजपा को शिकस्त दी है. इस बात का प्रमाण है, भाजपा को सीख लेनी चाहिए.प्रशांत कुमार, पूर्व विधायक पोड़ैयाहाट————————–महागंठबंधन की जीत देश को एक नयी दशा व दिशा देगी. जिस तरह से नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री होकर केवल बिहार के चुनाव में पंचायत स्तर पर अपना कार्यक्रम चलाया व प्रचार किया, लोगों ने उन्हें केवल भाजपा का ही नेता माना. बिहार की जनता सरकार के डेढ़ साल के दौरान जिस तरह उनके भोजन की थाली से दाल और प्याज गायब कर दिया, कहीं न कहीं जनता की टिस महागंठबंधन के लिए साकारात्मक रहा. बिहार हमेशा महापुरुषों की धरती रही है. यहां से देश की राजनीति तय होती है. अब आने वाला समय फिर यूपीए की ही है. बिहार की जनता को कोटि-कोटि धन्यवाद.राजेश रंजन, पूर्व विधायक, महगामा————————–जिलाध्यक्षों की प्रतिक्रियाजनता का निर्णय है स्वीकार करते हैं. यह बात साबित हो गयी कि भाजपा को अपने संगठन को मजबूत करने की जरूरत है. आने वाले समय में भाजपा के लिये ऐसी परिस्थिति न आये इसके लिये समीक्षा करने की जरूरत है.राजीव मेहता, भाजपा ————————–बिहार में महागंठबंधन की जीत भारतीय जनता पार्टी के कॉरपोरेट घरानों पर मेहरबानी तथा गरीब जनता को हाशिये पर रखने का सबक है. नीचे स्तर पर रहने वाले लोगों को लाल कारपेट नहीं बल्कि तन ढकने के लिए वस्त्र और पेट भरने के लिये भोजन की जरूरत है. मोदी सरकार ने केवल सांप्रदायिक बातें की लोगों की समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया. आने वाला कल कांग्रेस का है.दीपिका पांडेय सिंह, कांग्रेस ————————–झामुमो जिलाध्यक्ष राजेश मंडल ने कहा कि बिहार की जनता का निर्णय हमेशा केंद्र सरकार पर असर डालता है. दूसरे सबसे बड़े राज्य बिहार में सांप्रदायिक ताकतों को जगह नहीं मिलना इस बात को प्रमाणित करता है कि आज भी लोग शांति और अमन-चैन के पक्षधर हैं.राजेश मंडल, झामुमो ————————–महागंठबंधन को जनता का समर्थन मिला है. इस चुनाव ने भारतीय जनता पार्टी के अनर्गल बयानों को सीधे नाकार दिया गया है. भाजपा के दुर्दशा का दिन आज से प्रारंभ हो गया है. बिहार इसका केंद्र बिंदु बन गया है.चंद्रधर सिंह चुन्नू, जदयू ————————-महागंठबंधन की जीत ने भारतीय जनता पार्टी के अहम को करारा झटका दिया है. जिस तरह से भाजपा ने चुनाव प्रचार के दौरान बिहार की जनता को नीचा दिखाने का काम किया जनता ने वोट देकर इस तरह की पार्टियों को रसातल में भेज दिया है. अजय शर्मा, उपाध्यक्ष झाविमो ————————-भाजपा को दिल्ली वालों ने पहले ही हवा खिला दी थी और अब बिहार वासियों ने तो उनके फड़फड़ाते पंख कतर दिये. जिस तरह से भाजपा नेताओं ने बिहार को कुरूक्षेत्र बना दिया था, चुनाव जैसी गंगा में उनके पाप धुल गये.रंजीत कुमार, आप संस्थापक सदस्य————————भाजपा की नीति में अमीरों को गले लगाना और गरीब जनता को लतियाना. किसी के लिए दूध-मलाई और किसी के प्याज और दाल तक को गटक जाना. इस नीति का परिणाम महागंठबंधन की जीत है.नीतिन कात्यायन, युवा विकास मंच गोड्डा ————————-महागंठबंधन की जीत ने यह साबित कर दिया कि जाति-पाति, हिंदू-मुसलिम, लव-जिहाद पर वोट नहीं जनता विकास तथा गरीबों को निवाल देने वाली पार्टी को वोट करती है.-अमिरूल अंसारी, जिला महामंत्री झाविमो.\\\\B

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