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आठ माह पूर्व श्रावणी मेला 2026 के लिए ‘मेगा ट्रांसफॉर्मेशन’ प्लान तैयार

Updated at : 16 Nov 2025 8:43 PM (IST)
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आठ माह पूर्व श्रावणी मेला 2026 के लिए ‘मेगा ट्रांसफॉर्मेशन’ प्लान तैयार

श्रावणी मेला 2026 में सुविधा व सुरक्षा दुरुस्त पर सरकार का फोकस

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सुविधा, सुरक्षा और तकनीक आधारित व्यवस्थाओं पर सरकार का फोकस

-बाबा नगरी और बासुकीनाथ में श्रद्धालुओं को सुगम-सुरक्षित जलार्पण की सुविधा देने पर मंत्री का फोकस -कांवरिया पथ से लेकर मंदिर परिसर तक सभी सुविधाओं को अपग्रेड करने की तैयारी

-मेला क्षेत्र में टेक्नोलॉजी को और फ्रेंडली बनाया जाएगा, स्मार्ट मैनेजमेंट पर जोर

-बेलपत्र से अगरबत्ती निर्माण और नीर ट्रीटमेंट प्लांट जल्द शुरू होगा -बासुकिनाथ में सालभर शिवगंगा की सफाई के लिए अतिरिक्त राशि भेजने का निर्देश

-क्यू कॉम्प्लेक्स और होल्डिंग पॉइंट को सुविधायुक्त और हवादार बनाये जायेंगे

प्रमुख संवाददाता, देवघर

झारखंड सरकार ने श्रावणी मेला 2026 को लेकर बड़ा कदम उठाते हुए ‘मेगा ट्रांसफॉर्मेशन ब्लूप्रिंट’ तैयार कर लिया है. झारखंड सरकार ने राजकीय श्रावणी मेला 2026 को और अधिक सुगम, सुरक्षित तथा तकनीक आधारित बनाने के लिए व्यापक तैयारी शुरू कर दी है. मुख्यमंत्री के निर्देश पर पर्यटन मंत्री सुदिव्य सोनू ने रविवार को देवघर सर्किट हाउस में देवघर–दुमका के पदाधिकारी और सभी संबंधित विभागों के साथ विस्तृत समीक्षा बैठक की. मंत्री ने कहा कि अब अस्थायी समाधान नहीं, स्थायी और तकनीकी व्यवस्था लागू की जायेगी ताकि हर श्रद्धालु को सुरक्षित, स्वच्छ और सहज अनुभव मिले. बैठक में नगर विकास व पर्यटन मंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिया कि इस बार श्रद्धालुओं को कावड़िया पथ से लेकर मंदिर परिसर और बासुकीनाथ तक हर स्तर पर बेहतर और सुव्यवस्थित सुविधाएं मिलनी चाहिए. बैठक में देवघर डीसी नमन प्रियेश लकड़ा और दुमका डीसी अभिजीत सिन्हा सहित सभी विभागों ने अपनी तैयारियों की रिपोर्ट प्रस्तुत की. मालूम हो कि ऐसा पहली बार हो रहा है कि करीब आठ महीने पहले ही श्रावणी मेले की समीक्षा की जा रही है.

खिजुरिया से शिवगंगा तक बन रहे फुटओवर ब्रिज में होगा संशोधन

मंत्री सुदिव्य सोनू ने दुम्मा से खिजुरिया तक कावरिया पथ पर पीक्यूसी (पेवमेंट क्वालिटी कंक्रीट) रोड निर्माण और पूरे मार्ग पर फुल-लेंथ केनोपी लगाने का निर्देश दिया. खिजुरिया से शिवगंगा तक बनाये जा रहे फुटओवर ब्रिज (ओफओबी) की डीपीआर में आवश्यक संशोधन कर उसे और आधुनिक तथा सुरक्षित बनाने को कहा गया. बिजली विभाग को कांवरिया पथ से पोल व ट्रांसफार्मर हटाने का भी निर्देश दिया ताकि मार्ग निर्बाध और सुरक्षित रहे. वहीं मंत्री ने निर्देश दिया है कि क्यू कॉम्प्लेक्स को हवादार, सुव्यवस्थित और सुविधायुक्त बनाने तथा मंदिर परिसर के आसपास आधुनिक होल्डिंग पॉइंट बनाने का प्रस्ताव तैयार कर भेजें. इसमें ध्यान रखें कि भीड़ भाड़ वाले जगह पर श्रद्धालुओं के इंतजार करने का स्थान आरामदायक होना चाहिए.

मेला क्षेत्र में आधुनिक शौचालय, पेयजल व स्नानागार

मंत्री ने कहा कि मेला क्षेत्र में आधुनिक शौचालय कॉम्प्लेक्स, पेयजल स्टेशनों और स्नानागार की संख्या बढ़ायी जायेगी. साथ ही आवश्यक स्थलों पर शीघ्र निर्माण आरंभ किया जायेगा. नेहरू पार्क में शौचालय–स्नानागार का निर्माण, शिवगंगा घाट पर स्टेटिक वाटर जेटिंग सिस्टम लगाने और घाटों के स्टेप-राइजिंग कार्य को प्राथमिकता दी गयी है.

आरएफआइडी टेक्नोलॉजी होगी और प्रभावी

बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा के मद्देनजर पहले से लागू रेडियो फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (आरएफआइडी) तकनीक को और मजबूत तथा उपयोगी बनाने के निर्देश दिये गये. मंत्री ने कहा कि तकनीक की मदद से हर श्रद्धालु को सुरक्षित व सहज अनुभव मिलना चाहिए. मंत्री ने अस्थायी टेंट सिटी, पार्किंग स्थल और वाहन पड़ाव के लिए उपयुक्त जमीन शीघ्र चिन्हित करने का आदेश दिया, ताकि मेले के दौरान व्यवस्थाएं निर्बाध रहे. उन्होंने मंदिर परिसर में प्रतिदिन आने वाले बेलपत्र के उपयोग से अगरबत्ती बनाने तथा परिसर में नीर ट्रीटमेंट प्लांट जल्द शुरू करने के निर्देश दिया. मंत्री ने कहा कि इससे सफाई के साथ-साथ स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी बनेंगे.

देवघर-बासुकीनाथ यातायात व शटल सेवाएं

देवघर से बासुकीनाथ तक के मार्ग, रेलवे स्टेशन से श्रद्धालुओं की आवाजाही और मेला क्षेत्र की यातायात व्यवस्था को बेहतर करने पर विशेष चर्चा हुई. साथ ही रूट डायवर्जन, शटल सेवाओं तथा ट्रैफिक व्यवस्था को मजबूत करने के उपाय सुझाये गये. मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को मेला सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए बासुकीनाथ में स्थायी पुलिस आवासन, नया पुलिस ओपी और महिला-पुरुष-दिव्यांग के लिए अलग-अलग शौचालय–स्नानागार बनाने की प्रक्रिया तेज करने का निर्देश दिया.

20 गलियों में नाला-सड़क पुनर्निर्माण और अतिक्रमण पर लगे रोक

देवघर मंदिर से जुड़ी 20 प्रमुख गलियों- जैसे शिवगंगा लेन, पंडा लेन, बैद्यनाथ लेन, फुट ओवर ब्रिज, सीपी ड्रोलिया रोड में नाला तथा सड़क पुनर्निर्माण, अतिक्रमण रोकने के लिए बैरिकेडिंग और बेहतर रोशनी व्यवस्था को लेकर कार्रवाई करने का आदेश दिया.

सभी विभागों की संयुक्त समीक्षा

बैठक में पुलिस, पीडब्ल्यूडी, विद्युत, पेयजल, नगर निगम, स्वास्थ्य, खेलकूद व जनसंपर्क सहित सभी विभागों ने अपनी प्रगति रिपोर्ट पेश की. मंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिया कि नीति, समन्वय और समय सीमा, इन तीनों पर कड़ाई से पालन आवश्यक है. बैठक में एसपी देवघर सौरभ, दुमका एसपी पीतांबर सिंह खरवार, डीएफओ देवघर अभिषेक भूषण, डीडीसी पीयूष सिन्हा, नगर आयुक्त रोहित सिन्हा, एसी हीरा कुमार, एनडीसी शैलेश कुमार, डीएसओ संतोष कुमार, डीपीआरओ, प्रभारी पदाधिकारी गोपनीय शाखा, डीटीओ शैलेश प्रियदर्शी, एसडीपीओ, डीएसपी (मुख्यालय) सहित सभी विभागों के अधिकारी शामिल थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

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Sanjeet Mandal

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By Sanjeet Mandal

Sanjeet Mandal is a contributor at Prabhat Khabar.

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