Chaibasa: गोदाम फुल, धान खरीद ठप, बिचौलिए को फसल बेचने को मजबूर किसान
Published by : AmleshNandan Sinha Updated At : 09 Feb 2026 5:56 PM
बंद पड़ा धान अधिप्राप्ति केंद्र
Chaibasa: जैंतगढ़ और वैतरणी के किसानों के सामने बहुत बड़ी समस्या आ खड़ी हुई है. सरकारी दरों पर उनके धान की खरीद नहीं होने से उन्हें बिचौलिए को अपनी फसल बेचनी पड़ रही है, जिससे उन्हें काफी नुकसान उठाना पड़ रहा है.
Chaibasa: ‘धान का कटोरा’ कहे जाने वाले जैंतगढ़ और वैतरणी के तटीय क्षेत्रों के किसानों के लिए पिछले तीन सालों से धान खरीद केंद्र बंद है. इस साल विभाग ने जैंतगढ़ के किसानों के लिए 20 से 25 किमी दूर बसीरा गांव में केंद्र बनाया है, लेकिन वहां भी पिछले एक माह से ताला लटका हुआ है. धान अधिप्राप्ति केंद्र के सचिव सत्येंद्र हेस्सा ने बताया कि केंद्र को 25 हजार क्विंटल धान खरीद का लक्ष्य मिला है. अब तक 667 किसानों ने पंजीकरण कराया है, लेकिन इनमें से मात्र 21 किसानों का धान लिया जा सका है. अभी भी 646 किसान अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं.
उन्होंने बताया कि मात्र 962.51 क्विंटल धान की खरीद के बाद ही गोदाम पूरी तरह भर गया है. डेढ़ माह बीतने के बावजूद विभाग ने धान का उठाव नहीं किया है, जिसके कारण गोदाम में रखे धान को अब चूहे खा रहे हैं.
खुले बाजार में औने-पौने दाम पर बेच रहे किसान
झामुमो के जिला सह सचिव संदेश सरदार ने कहा कि सरकार ने किसानों के हित में धान का समर्थन मूल्य 2369 रुपये प्रति क्विंटल रखा है. पदाधिकारियों की उदासीनता और मिल मालिकों की मनमानी के कारण किसान इस योजना के लाभ से वंचित हैं. किसान मजबूरी में खुले बाजार में 13-14 रु. प्रति किलो (1300-1400 रुपये क्विंटल) धान बेचने को विवश हैं.
पर्व-त्योहारों की खुशियां पड़ी फीकी
क्षेत्र के किसान धान बेचकर ही अपने त्योहारों के खर्च का इंतजाम करते हैं. संदेश सरदार ने बताया कि मकर संक्रांति बीत गयी और अब ‘मागे पर्व’ चल रहा है, लेकिन किसानों के पास पैसे नहीं हैं. किसानों का घर में रखा धान भी खराब हो रहा है. उन्होंने मांग की है कि बसीरा केंद्र से तुरंत धान का उठाव कराया जाए और जैंतगढ़ में भी धान की खरीदारी शुरू की जाए ताकि किसानों को आर्थिक नुकसान से बचाया जा सके.
ये भी पढ़ें…
खूंटपानी हॉर्टिकल्चर कॉलेज में दूसरे राज्यों के छात्रों का भी होगा दाखिला, आईसीएआर से मिली मंजूरी
नोवामुंडी में शॉर्ट सर्किट से हाईवा में लगी भीषण आग, इलाके में दहशत
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By AmleshNandan Sinha
अमलेश नंदन सिन्हा प्रभात खबर डिजिटल में वरिष्ठ पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता में 20 से अधिक वर्षों का अनुभव है. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई करने के बाद से इन्होंने कई समाचार पत्रों के साथ काम किया. इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत रांची एक्सप्रेस से की, जो अपने समय में झारखंड के विश्वसनीय अखबारों में से एक था. एक दशक से ज्यादा समय से ये डिजिटल के लिए काम कर रहे हैं. झारखंड की खबरों के अलावा, समसामयिक विषयों के बारे में भी लिखने में रुचि रखते हैं. विज्ञान और आधुनिक चिकित्सा के बारे में देखना, पढ़ना और नई जानकारियां प्राप्त करना इन्हें पसंद है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










