Bokaro News : विद्यार्थियों में हिंदी-संस्कृत के प्रति रुचि बढ़ाने की है जरूरत

Updated:
विज्ञापन
Bokaro News : विद्यार्थियों में हिंदी-संस्कृत के प्रति रुचि बढ़ाने की है जरूरत

Bokaro News : चिन्मय विद्यालय में भाषा कौशल और एनइपी 2020 पर कार्यशाला

विज्ञापन

Bokaro News : बोकारो. चिन्मय विद्यालय बोकारो में शनिवार को इन-हाउस ट्रेनिंग कार्यशाला का आयोजन लक्ष्मी प्रकाशन के तत्वावधान में किया गया. कार्यशाला में ‘भाषा कौशल और एनइपी 2020’ विषय पर चर्चा करने और जानने – सीखने के लिए पूरे जिले के कई विभिन्न विद्यालयों के शिक्षक – शिक्षिकाओं ने भाग लिया. कार्यशाला में रिसोर्स पर्सन के रूप में रांची से केराली पब्लिक स्कूल के हिंदी विभागाध्यक्ष दिलीप कुमार ठाकुर और फिरायालाल पब्लिक स्कूल, रांची की हिंदी विभागाध्यक्ष अर्चना उपस्थित रहीं. लक्ष्मी प्रकाशन के बिजनेस हेड बिजेंद्र कुमार भी मौजूद रहे. कार्यशाला में चिन्मय विद्यालय बोकारो के प्राचार्य सूरज शर्मा और उप प्राचार्य नरमेंद्र कुमार सहित सभी हिंदी और संस्कृत विभाग के शिक्षक-शिक्षिकाएं मौजूद थे.

सुप्रिया चौधरी ने सभी का स्वागत किया. विद्यालय के प्राचार्य : सूरज शर्मा ने कहा : विद्यार्थियों में खासतौर से हिंदी और संस्कृत भाषाओं के प्रति रुचि बढ़ाने की जरूरत है.

कई विद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाएं थे शामिल : श्री अयप्पा पब्लिक स्कूल, डीपीएस बोकारो, डीपीएस चास, सरदार पटेल पब्लिक स्कूल, रुक्मनी देवी पब्लिक स्कूल, भरत सिंह पब्लिक स्कूल, रेनबो पब्लिक स्कूल, लीला जानकी पब्लिक स्कूल फुसरो, डॉ राजेंद्र प्रसाद पब्लिक स्कूल, माउंट सिओन स्कूल, बोकारो पब्लिक स्कूल, मिथिला पब्लिक स्कूल, डीएवी इस्पात सेक्टर 8 आदि प्रतिष्ठित विद्यालयों से शिक्षक-शिक्षिकाएं शामिल हुए.

विद्यार्थियों के समग्र विकास पर जोर देती है नयी शिक्षा नीति :

रिसोर्स पर्सन दिलीप कुमार ने एल-एस-आर-डब्ल्यू के महत्व के पर प्रकाश डाला. बताया : किसी भी भाषा को विद्यार्थियों को समझाने और सिखाने के लिए सबसे महत्वपूर्ण यह चार बिंदु हैं, इसमें एल से श्रवण, एस से वाचन, आर से पठन और डब्ल्यू से लेखन शामिल है. श्री दिलीप ने कहा : आज की पीढ़ी सुपर एआइ पीढ़ी है. ऐसे विद्यार्थियों को भारत की मूल भाषाएं सिखाने के लिए तरीका भी एडवांस होना चाहिए. रिसोर्स पर्सन अर्चना ने बताया : कैसे नई शिक्षा नीति विद्यार्थियों के लिए अधिक सरल और उपयोगी शिक्षा प्रदान कराने के लिए बेहतर है. उन्होंने आगे कहा : नई शिक्षा नीति मुख्य रूप से विद्यार्थियों के समग्र विकास पर जोर देती है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Manoj Kumar

लेखक के बारे में

By Manoj Kumar

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola